औरैया। अवैध संबंध के मामले में चल रही जांच के दौरान पीड़ित महिला को एसपी दफ्तर में देख एफआईआर सेल में तैनात एक दरोगा ने सोमवार को दोपहर देवकली मंदिर के पास जहरीला पदार्थ खाकर जान देने का प्रयास किया। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने उन्हें गंभीर हालत में 50 शय्या युक्त जिला अस्पताल में भर्ती कराया। वहां से डॉक्टरों ने कानपुर रेफर कर दिया।
एसपी कार्यालय ककोर में एफआईआर सेल में तैनात दरोगा संतोष कुमार मिश्रा पुत्र स्व. कृष्ण दत्त मिश्रा मूल रूप से वाराणसी के रहने वाले हैं। हाल पता सिकंदरा कानपुर देहात है। सोमवार को सदर कोतवाली क्षेत्र के देवकली मंदिर के पास पहुंचकर जहरीला पदार्थ खाया और अपने सहयोगियों को फोन पर जहरीला पदार्थ खाकर जान देने की बात कही।
जानकारी मिलते ही दिबियापुर, अछल्दा व सदर कोतवाली पुलिस उनकी खोजबीन में जुट गई। इसी बीच नफीस नाम के एक ऑटो चालक ने कोतवाली पुलिस को दरोगा के आत्महत्या करने का प्रयास करने की सूचना दी। इस पर कोतवाली पुलिस ने देवकली मंदिर पहुंचकर गंभीर हालत में दरोगा को 50 शय्या युक्त जिला अस्पताल में भर्ती कराया। डेढ़ घंटे तक इलाज के बाद भी स्वास्थ्य में सुधार न होने पर डॉक्टरों ने कानपुर रेफर कर दिया। इस संबंध में डॉ.सज्जाद ने बताया कि दरोगा ने जहरीला पदार्थ खाया है। कौन सा जहरीला पदार्थ खाया है, यह बता पाना संभव नहीं है।
दरोगा के जिला अस्पताल में भर्ती होने की जानकारी होते ही सीओ सिटी सुरेंद्र नाथ यादव ने जिला अस्पताल पहुंचकर दरोगा से बात की तथा स्थिति की जानकारी की। दरोगा संतोष कुमार मिश्रा ने होश में आने पर बताया कि वह विभागीय समस्याओं से परेशान हैं। उनकी मानसिक स्थिति अच्छी नहीं है। इसका वह इलाज भी करा रहे हैं।
एएसपी कमलेश दीक्षित का कहना है कि दरोगा का लगभग डेढ़ साल पहले कानपुर देहात क्षेत्र निवासी एक महिला से अवैध संबंधों का मामला चल रहा था। महिला ने पिछले दिनों एडीजी लोक शिकायत से मिलकर एक शिकायती पत्र देकर दरोगा पर गाली-गलौज करने, धमकाने तथा कोर्ट में चल रहे मामले में जबरन समझौता कराए जाने का आरोप लगाया गया। इसमें उनके पास जांच के लिए आदेश आया था। उसी जांच के सिलसिले में आज पीड़ित महिला कार्यालय आई थी। उन्होंने जानकारी की तो बताया गया कि दरोगा ने जहरीला पदार्थ खा लिया है और वह अस्पताल में भर्ती हैं।