अजीतमल । कोतवाली क्षेत्र के गांव बीघेपुर में एक सप्ताह पूर्व खाना बनाते समय गैस सिलेंडर से लगी आग में महिला बुरी तरह से झुलस गई थी। जिसमें महिला को बचाते समय उसका पति भी बुरी तरह से झुलस गया था। दोनों को सीएचसी से गंभीर हालत में सैफई रेफर कर दिया गया था। जहां शिक्षक पति ने इलाज के दौरान एक सप्ताह बाद दम तोड़ दिया। मौत से परिजन समेत गांव में मातम छाया हुआ है।
ग्राम बीघेपुर निवासी शिक्षक कैलाश नरायन (40) पुत्र रामकृष्ण राजपूत मध्यप्रदेश के रौन कस्बे में प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक पद पर रहकर शिक्षण कार्य करते थे। लगभग दो सप्ताह पूर्व वह अपने पैतृक गांव बीघेपुर बच्चों के साथ छुट्टियां बिताने आए थे। जहां 25 मई की सुबह खाना बनाते समय अचानक लीकेज सिलेंडर से आग लग गई थी। जिसमें शिक्षक की पत्नी आग की चपेट में आकर बुरी तरह से झुलस गई थी। उसी दौरान पत्नी को आग से बचाते समय शिक्षक कैलाश नारायण भी गंभीर रुप से झुलस गए थे। घायलावस्था में दोनों को सीएचसी से सैफई रेफर कर दिया गया था। जहां एक सप्ताह तक चले इलाज के बाद बीती रात शिक्षक ने दम तोड़ दिया। शुक्रवार को दोपहर लगभग तीन बजे जैसे ही शिक्षक का शव को लेकर परिजन गांव पहुंचे। घर में कोहराम मच गया। मृतक शिक्षक के दोनों छोटे बच्चे देवेश व विवेक का रो रो कर बुरा हाल हो रहा था। वहीं पत्नी नीलेश पति की मौत की खबर सुनकर गंभीर हालत में होने के बावजूद सदमें में थी। मौत की खबर सुनते ही क्षेत्रीय लोगों ने मौके पर पहुंच कर परिजनों को ढांढस बंधाया।