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तीनों बेटियों का गला घोटा, खुद लगा ली फांसी

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दिबियापुर/सहायल (औरैया)। सेहूद गांव में गुरुवार को तीन बेटियों के साथ मां के फंदे से झूलने के मामले में पति के हिरासत में होने और ससुराल के अन्य लोगों के मौजूद न होने के कारण शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद मायके पक्ष के लोग साधना व उसकी तीनों बेटियों का शव लेकर अपने गांव अमानपुर ले गए। वहां गम, गुस्सा और आक्रोश के बीच परिजनों ने कई घंटों तक डीएम को बुलाने की मांग को लेकर अंतिम संस्कार नहीं किया। पुलिस के समझाने पर माने तब अंतिम संस्कार हो सका। वहीं, पोस्टमार्टम रिपोर्ट चौंकाने वाली आई है। बच्चियों की गला घोटने से मौत और महिला की हैंगिंग आई है। एसपी सुनीति ने बताया कि रिपोर्ट को आत्महत्या की धारा 306 में तरमीम किया जा रहा है।
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गुरुवार को सेहुद में कुलदीप पुत्र कैलाश बाबू मजदूरी करने के लिए पास के गांव गुमानी का पुर्वा गया था। इस बीच उसकी 28 वर्षीय पत्नी साधना देवी, 7 वर्षीय बेटी गुंजन, 3 वर्षीय बेटी अंजुम, एवं 21 दिन की नवजात ओजस्विनी का शव साड़ी के अलग अलग कोनों में लगे फंदों से लटके मिले थे। मृतका साधना के भाई बृजबिहारी पुत्र सिपाहीलाल निवासी अमानपुर सहायल ने ससुराल वालों पर हत्या करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। गुरुवार रात लगभग 11 बजे शवों का पोस्टमार्टम हुआ। इसके बाद शुक्रवार करो साधना के मायके पक्ष के लोग चारों शवों को अमानपुर गांव लेकर पहुंचे।
यहां पर गांव के लोगों को पता चला कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आत्महत्या की पुष्टि हुई है। परिजन एवं गांव के लोग आक्रोशित होने लगे। परिजन मौके पर डीएम को बुलाए जाने की मांग करने लगे। डीएम के आने के बाद ही अंतिम संस्कार की बात कही। सूचना मिलने पर पहुंचे दिबियापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक रामसहाय, सहायल थानाध्यक्ष रामचंद्र गौतम एवं सेहुद प्रधान राजेंद्र सिंह ने परिजनों को समझाबुझाकर शांत कराया। दिन में 11:30 बजे तीनों बेटियों के शवों को अलग अलग दफनाया गया। जबकि साधना के शव को भाई ब्रज बिहारी ने मुखाग्नि देकर अंतिम संस्कार किया।
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इस संबंध में दिबियापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक रामसहाय पटेल का कहना है कि किसी ने परिजनों को गुमराह कर दिया था कि शासन से सहायता मिलेगी। वहीं, मुकदमे में दहेज एक्ट की धारा नहीं लगाई गई है। परिजनों को समझा-बुझाकर शांत करा दिया गया है।
आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में पति गया जेल
दिबियापुर (औरैया)। गुरुवार को तीन बेटियों के साथ महिला के शव फंदे में लटके होने के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आत्महत्या की बात सामने आने के बाद पुलिस ने हिरासत में लिए गए पति कुलदीप को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में जेल भेज दिया है। दिबियापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक रामसहाय पटेल का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आत्महत्या की बात सामने आने के बाद दर्ज कराई रिपोर्ट में हत्या की धारा 302 आईपीसी हटाकर आत्महत्या के लिए उकसाने करने की धारा 306 आईपीसी लगाई गई है। आत्महत्या के लिए प्रेरित करने के आरोप में ही पति कुलदीप को जेल भेजा गया है। मृतका के ससुर, देवर व सास को भी पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।
साल भर पहले पति के साथ साधना को भेजने का मलाल
दिबियापुर/ सहायल। अमानपुर गांव की महिलाएं एवं पुरुष यह बात किसी भी कीमत पर मानने को तैयार नहीं हैं कि गांव की बेटी ने अपनी तीन बेटियों के साथ आत्महत्या की होगी। वह आज भी पति एवं ससुराल वालों को ही दोषी मान रहे हैं। अमानपुर के ग्रामीण एवं परिजन रह रहकर साधना के ससुरालियों को कोसते नजर आए। परिजनों का कहना था कि काश एक वर्ष पहले वह साधना को ससुराल न भेजते तो यह दिन नहीं देखना पड़ता। मृतका साधना के भाई अवध बिहारी का कहना है कि अक्तूबर 2019 से पाहले साधना लगभग ढाई वर्षों तक अमानपुर में रही। यहीं पर साधना की बड़ी बेटी गुंजन की पढ़ाई भी चल रही थी। किसी परिजन को कोई समस्या नहीं थी। लेकिन होनी को कौन टाल सकता है। परिजनों का कहना था कि यदि साधना ने थोड़ी हिम्मत दिखाकर मायके तक अपनी समस्या पहुंचा दी होती तो शायद उसे इतना बड़ा कदम न उठाना पड़ता।
सेहुद में कुलदीप की गली में पसरा रहा सन्नाटा
दिबियापुर (औरैया)। सेहुद गांव में साधना के घर के आसपास पूरे दिन सन्नाटा पसरा रहा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में तीन बेटियों की गला दबाकर हत्या और महिला के लटकने से मौत की पुष्टि होने के बाद गांव में तरह तरह की चर्चाएं होतीं रहीं। ग्रामीणों का कहना था कि पति पत्नी के बीच लड़ाई झगड़ा आम बात है। लेकिन ऐसा दुस्साहसिक कदम उठाना आसान नहीं था। ग्रामीण इस बात को लेकर चर्चा करते नजर आए कि आखिरकार साधना का उसके पति एवं ससुरालियों के बीच ऐसा क्या विवाद हुआ, जिससे साधना को अपनी तीन बेटियों के साथ आत्महत्या के लिए मजबूर होना पड़ा। दिबियापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक रामसहाय पटेल का कहना है कि गुरुवार की शाम कुछ शराबियों ने घर में घुसकर तोड़फोड़ की थी, लेकिन अब स्थिति सामान्य है।
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