औरैया। सिविल कोर्ट लखनऊ में गुरुवार को वकीलों के दो गुटों में हुए संघर्ष के बाद जिला प्रशासन सतर्क हो गया है। साथ ही कचहरी में सुरक्षा को लेकर खास सतर्कता बरती जा रही है। शुक्रवार को पुलिस क्षेत्राधिकारी सदर सुरेंद्रनाथ यादव के नेतृत्व में फोर्स व खोजी कुत्ता ने कचहरी परिसर की चेकिंग कर सुरक्षा कर्मियों को सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।
प्रदेश के सभी न्यायालयों में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उच्च न्यायालय में लंबित याचिका के आधार पर सभी न्यायालयों में व्यापक स्तर पर कार्य चल रहा है। जिला न्यायालय व अधीनस्थ वाह्य न्यायालय बिधूना में आने-जाने वालों पर पैनी नजर रखने की व्यवस्था पर कार्य चल रहा है। कचहरी के दोनों प्रमुख गेटों पर मेटल डिडेक्टर, बैग स्केनगर सहित करीब 24 सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। समय-समय पर पुलिस अधिकारी सुरक्षा व्यवस्था का आकस्मिक निरीक्षण कर कड़े निर्देश जारी करते रहते हैं।
हाईकोर्ट की मंशा के अनुरूप जिला प्रशासन व जिला न्यायालय द्वारा ऐसी व्यवस्था की जा रही है, जिससे अनाधिकृत व्यक्ति कचहरी में न घुस सके। जिला न्यायालय में प्रैक्टिस करने वाले प्रत्येक अधिवक्ता से फार्म भरवाकर आई कार्ड जारी करने की व्यवस्था की जा रही है।
वरिष्ठ अधिवक्ता महावीर शर्मा ने बताया कि हाईकोर्ट में न्यायालयों की सुरक्षा व्यवस्था संबंधी याचिका स्वत: संज्ञान लेकर प्रचलित है। इसलिए हर सुनवाई तारीख पर प्रदेश शासन से लेकर पुलिस के उच्चाधिकारियों को कोर्ट में उपस्थित होकर प्रगति की जानकारी देनी पड़ती है। जिला न्यायालय में प्रत्येक आने-जाने वालों पर सुरक्षाकर्मी व सीसी कैमरों से निगाह रखी जा रही है।