औरैया। राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वादों के निस्तारण को लेकर न्यायिक अधिकारी गंभीर हैं। इसके चलते बैठकों का दौर जारी है। बुधवार को न्यायिक अधिकारियों और अधिवक्ताओं की प्री-ट्रायल बैठक में अधिक से अधिक वादों के निस्तारण को लेकर चर्चा की गई। साथ ही लोक अदालत को सफल बनाने की रूपरेखा बनाई गई।
बुधवार को प्री-ट्रायल बैठक जिला न्यायाधीश शिवकुमार की अध्यक्षता में आयोजित की गई। उन्होंने कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में इस बार सबसे अधिक वादों का निस्तारण कर वादकारियों को लाभ देना होगा।
जिला जज ने कहा कि लंबित चल रहे मोटर दुर्घटना, विद्युत संबंधित मामलों के निस्तारण में गंभीरता दिखाते हुए उन्हें निस्तारित किया जाए। जिला जज ने बैंकों के मौजूद अधिकारियों से कहा कि वह इस राष्ट्रीय लोक अदालत में बैंकों के मामलों को भी अधिक से अधिक निस्तारित करें। लोक अदालत का उद्देश्य न्यायालयों में बढ़ते जा रहे मामलों को कम करना और पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाना है।
बैठक में राजबहादुर सिंह मौर्या नोडल अधिकारी, डा.सुरेश कुमार सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, रजत सिंहा, मीनू शर्मा, प्रथमकांत, महेश चंद्र वर्मा, रामनेत न्यायिक अधिकारियों के अलावा अधिवक्ता भी मौजूद रहे। बैठक में विभिन्न बैंकों के अधिकारी भी मौजूद रहे।