औरैया। कोरोना संक्रमण के नियंत्रण में लगी कंट्रोल रूम और मुख्य टीम में शामिल स्वास्थ्य कर्मचारियों को आठ महीने से छुट्टियां नहीं मिलीं हैं। ये कर्मचारी छुट्टियों की आस लगाए हैं। स्वास्थ्य महकमे के अधिकारियों की मानें तो अति आवश्यकता होने पर ही छुट्टियां दी जा रही हैं।
कोरोना संक्रमण मार्च 2020 से है। 22 मार्च को जिले में पहला संक्रमित रोगी खानपुर में मिला था। इसके बाद गठित हुई टीम और फिर उसके बाद बने कोरोना कंट्रोल रूम में तैनात स्वास्थ्य कर्मियों को आज तक छुट्टियां नहीं मिली हैं। आठ महीने से कर्मचारी लगातार ड्यूटी कर रहे हैं। छुट्टियां लेने के लिए उन्हें काफी मशक्कत करनी पड़ती है।
कोरोना कंट्रोल रूम और टीम में शामिल स्वास्थ्य कर्मियों की छुट्टियां मुख्य चिकित्साधिकारी पर निर्भर हैं। अति आवश्यकता होने पर ही छुट्टी मिलती है। छुट्टी न मिलने से परेशान स्वास्थ्य कर्मियों ने बताया कि लगातार आठ महीने काम किया। समय भी निर्धारित नहीं कि कब आराम करने का मौका मिलेगा। इन आठ महीनों में जब कोरोना संक्रमित हुए तो परिजनों से दूर होम आइसोलेशन में होने पर भी उनसे काम लिया गया।
नोडल अधिकारी डॉ. शिशिर पुरी ने बताया कि कंट्रोल रूम और टीम के स्वास्थ्य कर्मियों को छुट्टियां नहीं मिल पा रहीं हैं। उन्हें लगातार काम करने को मजबूर होना पड़ रहा है। वहीं, डॉ. विशाल अग्निहोत्री ने बताया कि कोरोना कंट्रोल रूम स्थापित होने पर उनकी ड्यूटी यहां लगाई गई थी। तब से लगातार ड्यूटी कर रहे हैं।