हेलमेट लगाओ, जान बचाओ अभियान का बीड़ा अब समाजसेवी संस्थाओं ने उठा लिया है। शहरवासियों को जागरूक करने के लिए समाजसेवी संस्थाओं ने चुनाव के बाद काम शुरू करने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि हेलमेट लगाने से हादसे के दौरान जान का जोखिम कम हो जाता है। लेकिन शहरवासी उसे लगाने में कोताही बरत रहे हैं। हेलमेट लगाने से हमारा जीवन सुरक्षित रहेगा और परिवार खुशहाल।
समाजसेवी संस्था नेहरू युवा केंद्र की पदाधिकारी सुनीता प्रजापति ने बताया कि हेलमेट लगाने के प्रति उनकी संस्था लोगों को जागरूक करेगी। हेलमेट लगाने से व्यक्ति हर समय सुरक्षित रहता है। अधिकतर लोगों की जान सड़क हादसे में जा रही हैं। इसमें सबसे अधिक हेड इंजरी होने के कारण लोगों की मौतें हो रही हैं। उन्होंने कहा कि लोगों के जीवन को सुरक्षित रखने के लिए उनकी संस्था चुनाव के बाद से अभियान चलाकर लोगों को जागरूक करेगी।
पूर्णागिरी शिक्षण संस्थान के पदाधिकारी सीमा चौहान का कहना है कि जब तक व्यक्ति यातायात नियमों के प्रति जागरूक नहीं होगा, तब तक हादसों में बढ़ोत्तरी होती रहेगी। अब वह शहर में शिविर का आयोजन करके हेलमेट लगाने के लिए शहरवासियों को प्रेरित करेगी। उन्होंने बताया कि हेलमेट लगाने से व्यक्ति अपनी सुरक्षा स्वयं कर सकता है। वाहन चालकों को चाहिए कि वह खुद हेलमेट लगाने के साथ दूसरों को इसका प्रयोग करने को प्रेरित करें।
समाजसेवी राजू तिवारी ने बताया कि सड़क हादसों में आए दिन लोग जानें गंवा रहे हैं। जिसका मुख्य कारण है हेलमेट न लगाना। वह लोगों के घरों में जाकर उन्हें हेलमेट लगाने के लिए प्रेरित करेंगे। साथ ही परिजनों को हेलमेट लगाने से होने वाले फायदों के प्रति जानकारी देंगे। वह प्रयास करेंगे कि शहर के अधिक से अधिक लोग हेलमेट का प्रयोग करने लगें। जिससे हादसों में कम से कम लोगों को अपनी जान से हाथ धोना पड़े।