औरैया। पत्नी की हत्या के मामले में इटावा जेल में बंद आरोपी पति प्रेमनारायण को अदालत से राहत नहीं मिली। जिला एवं सत्र न्यायाधीश मयंक चौहान की अदालत ने बृहस्पतिवार को उसकी जमानत याचिका खारिज कर दी। मामला सदर कोतवाली क्षेत्र के गांव रुदौली का है। यहां 30 मई 2026 को घरेलू विवाद के दौरान महिला आग की चपेट में आ गई थी। सैफई में उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई थी।
वादी मुकदमा शील कुमार के अनुसार, 30 मई को घरेलू बात को लेकर उसके माता-पिता के बीच विवाद हुआ था। उस समय उसकी मां खाना बना रही थीं। झगड़े के दौरान हुई मारपीट में पास रखी पेट्रोल की बोतल उनके ऊपर गिर गई, जिससे उनकी साड़ी में आग लग गई। घटना के बाद उन्हें तत्काल चिचौली अस्पताल ले जाया गया। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उन्हें सैफई रेफर कर दिया। वहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की विवेचना की और आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। बृहस्पतिवार को जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने आरोपी के बुजुर्ग होने और कई गंभीर बीमारियों से ग्रसित होने का हवाला दिया। वहीं, जिला शासकीय अधिवक्ता ने जमानत का विरोध किया। उन्होंने कहा कि मृतका के मृत्युकालिक बयान और गवाहों के बयानों से स्पष्ट है कि अभियुक्त ने खुद पेट्रोल डालकर आग लगाई थी। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश ने प्रेमनारायण का जमानत प्रार्थना पत्र खारिज कर दिया। आरोपी घटना के बाद से इटावा जेल में बंद है।