बिधूना। ब्लाॅक बिधूना की ग्राम पंचायतों में सचिवालय का हाल बुरा है। शुक्रवार को सचिवालयों की पड़ताल के दौरान चौंकाने वाला नजारा दिखा। कई जगह ताले लटकते मिले। कहीं धान व गंदगी का अंबार दिखा। ऐसे में गांव वासियों को ब्लॉक मुख्यालय या कस्बा की दौड़ लगानी पड़ रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में एक ही छत के नीचे सभी तरह की ऑनलाइन सुविधाएं मुहैया कराने के लिए खोले गए ग्राम सचिवालय महज दिखावा साबित हो रहे हैं। कंप्यूटर धूल फांक रहे हैं। ग्रामीणों को पहले की तरह आज भी अपने काम के लिए तहसील व ब्लाॅक कार्यालयों का चक्कर लगाना पड़ रहा है।
इनसेट-
नजारा एक: धनवाली सचिवालय में लटक रहा ताला
फोटाे29एयूआरपी 23- सचिवालय के कमरों में लटक रहा ताला। संवाद
धनवाली ग्राम पंचायत सचिवालय की पड़ताल में सुबह 10:32 बजे ताला लटकता मिला। ग्रामीणों ने बताया कि कई कई दिन नहीं खुलता है। ग्रामीण श्रीकांत ने बताया कि सचिवालय नहीं खुलता है। पंचायत सहायक सप्ताह में एक या दो बार आते हैं। सचिवालय में अधिकतर ताला लटकता रहता है। प्रधान भानू प्रताप सिंह ने बताया कि सचिवालय के नहीं खुलने की जानकारी नहीं है।
इनसेट-
नजारा दो: चिरूकुआ सचिवालय में ग्रामीणों का डेरा
फोटाे29एयूआरपी 24- सचिवालय के बरामदे में ग्रामीणों का रखा सामान। संवाद
चिरूकुआ सचिवालय में सुबह 10:51 बजे ताला लटकता मिला। सचिवालय के आसपास ग्रामीणों ने बाजरे की करब लगा रखी थी। पंचायत सहायक 10:51 तक सचिवालय में नहीं पहुंची थीं। प्रधान के पति राजू ने बताया पंचायत सहायक का हाथ टूट गया है, जिस कारण देरी से आ पा रही हैं। बाजरे की करबी को हटवाया जा रहा है।
इनसेट-
नजारा तीन: कीरतपुर सचिवालय
फोटाे29एयूआरपी 25- कीरतपुर पंचायत सचिवालय में लगा ताला। संवाद
कीरतपुर सचिवालय में दोपहर 01:06 बजे ताला लटकता मिला।पंचायत सहायक ज्योति मौजूद नहीं मिलीं। विरोध से बचने के लिए ग्रामीण कुछ भी बताने से बचते दिखे। सचिवालय में लिखे प्रधान मीरा देवी के मोबाइल नंबर पर जानकारी ली तो उनके पुत्र रामविजय ने फोन उठाया। बताया कि सचिवालय खुला है या नहीं इसकी जानकारी नहीं है। किसी परिचित का निधन हो गया है प्रधान वहीं हैं। सचिव नवीन कुमार ने बताया कि पंचायत सहायक को सचिवालय समय पर खोलने को बोला जाता है, कई बार अधिकारियों तक बात पहुंचाई है कि पंचायत सहायक सचिवालय पर नहीं बैठती है।
इनसेट-
नजारा चार: वसई सचिवालय में धान का स्टॉक
फोटाे29एयूआरपी 26- सचिवालय में लगीं धान की बोरियां। संवाद
वसई सचिवालय में दोपहर 01:24 बजे ताला लटकता मिला। पंचायत सहायक मौजूद नहीं थीं। ग्रामीण वीरेंद्र ने बताया पंचायत सहायक की शादी हो गई है, जिस कारण बंद पड़ा है। धान भरे होने पर ग्रामीण वीरेंद्र ने बताया कि एक दो दिन में हट जाएगा। व्यापारी का धान खरीद कर लगाया। सचिवालय में गंदगी पर बताया कि सड़क बनाने वाले लेटते हैं तो उन्होंने ही धान का पयार आदि डाल रखा है। सचिव नवीन कुमार से बात की गई तो उन्होंने प्रधान पर ठीकरा फोड़ दिया।
-
इनसेट
बीडीओ बोले, जांच कर होगी कार्रवाई
बिधूना के बीडीओ राज नारायण पांडेय ने बताया कि जो सचिवालय बंद पड़े हैं, उनकी जानकारी एडीओ पंचायत से कराई जाएगी। सचिवालय समय से न खुलने वाले व और लापरवाही करने वालों की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।