भतीजे की हत्या के प्रयास की आरोपी महिला को बेला पुलिस तलाशती ही रही और उस महिला ने ससुरालियों पर दहेज एक्ट का मुकदमा दर्ज करा दिया। मजे की बात यह है कि न तो बेला पुलिस को इसका पता है और न ही मुकदमा दर्ज करने वाले महिला थाने को।
बेला थानाक्षेत्र के गांव बहादुरपुर के मजरा खांडे का पुर्वा में रविवार को उमेश चंद्र की पत्नी दीपिका ने पांच वर्षीय अपने भतीजे सूर्या का गला घोंट कर मरा हुआ समझ खेतों पर फेंक दिया था। इसके बाद फरार हो गई थी। परिजनों ने मरणासन्न हालत में सूर्या को अस्पताल में भर्ती कराया था। परिजनों ने दीपिका के खिलाफ बेला थाने में घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई। महिला के पति उमेश का आरोप था कि उसके तीन भाइयों में एक बेटा है। उसके भी बेटी है। लेकिन पत्नी बेटे की चाहत में एक माह पहले साढ़े तीन साल की बेटी को भी मारने का प्रयास किया था। मामले में बेटे के खातिर रिश्ते को कलंकित करने की चर्चा गांव में होती रही।
पुलिस ने मामला दर्ज कर महिला की तलाश शुरू की मगर उसका पता नही चला। बेला पुलिस जल्द आरोपी महिला को गिरफ्तार करने का दावा करती रही। लेकिन आरोपी महिला ने महिला थाने जाकर पति समेत ससुरालियों ने पर दहेज एक्ट का मुकदमा दर्ज करा दिया। तहरीर में महिला दीपिका निवासी खेड़ा मुस्तकीम थाना कुठौंद जिला जालौन ने आरोप लगाया कि दहेज में भैंस की मांग पूरी न होने पर पति उमेश, ससुर रामपाल, सास मुन्नी देवी, देवर लल्लू व देवरानी केशरानी ने उसके साथ मारपीट की। एक तरफ पुलिस उसे तलाशती रही, वहीं वह ससुरालियों पर मुकदमा लिखाकर फिर गायब हो गई।
मुझे यह नही पता है कि यह महिला आरोपी है। कप्तान साहब के आदेश पर तहरीर आई थी। उसी के आधार पर सोमवार को मुकदमा दर्ज किया गया। अभी तक कोई रिपोर्ट की नकल भी नही लेने आया है।
दीपा सिंह, थानाध्यक्ष, महिला थाना
आरोेपी महिला की तलाश की जा रही है। आरोपी महिला ने कहां और कैसे पेश होकर दहेज उत्पीड़न की रिपोर्ट लिखाई, उन्हें जानकारी नहीं है।
सुरजीत सिंह, एसआई, थाना बेला