कंचौसी (औरैया)। सहार ब्लॉक के गांव लक्षियामऊ में बीमारी का प्रकोप है। हाल ये है कि यहां एक माह में बुखार से 28 मौतें हो चुकी हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जानकारी के बाद भी स्वास्थ्य विभाग ने टीम नहीं भेजी है।
कस्बा कंचौसी से लगभग दो किलोमीटर दूर स्थित गांव लक्षियामऊ की आबादी 1200 है। इस गांव में एक महीने से बुखार, खांसी के मरीज बढ़े हैं। ग्रामीणों ने बताया कि बीमारी फैलने की जानकारी स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दी। लेकिन अधिकारियों ने कोई सुध नहीं ली। इसके कारण गंभीर मरीजों की मौत होने लगी। एक माह में सात महिलाओं, तीन बच्चों समेत 28 ग्रामीणों की मौत हो चुकी हैं। इनमें प्रधान पद के प्रत्याशी रहे राजू दिवाकर की मौत 15 अप्रैल को हुई थी।
रविवार सुबह राजू की मां रामबेटी (55) की बुखार से मौत हो गई। तीन दिन पहले इसी परिवार के एक किशोर की मौत हुई थी। ग्रामीणों ने बताया कि स्वास्थ्य सुविधाएं सरकारी अस्पतालों में बंद हैं। इसके कारण उन्हें मजबूरन आसपास के प्राइवेट चिकित्सकों के पास जाना पड़ रहा है। गांव में फैली बीमारी की जानकारी सहायल सीएचसी प्रभारी को दी थी लेकिन सुनवाई नहीं हुई। अब आशा कार्यकर्ता ने अधिकारियों को जानकारी दी है। यदि शीघ्र स्वास्थ्य टीम गांव नहीं पहुंची तो उन्हें जिलाधिकारी से शिकायत करनी पड़ेगी।