जालौन। रिजर्व बैंक की ओर से जारी किए गए एक, दो और दस रुपये के सिक्के स्थानीय बैंक नहीं ले रहे है। इससे व्यापारियों को काफी दिक्कत हो रही है। व्यापारियों ने एसडीएम से मिलकर सिक्कों को बैंकों में जमा करवाने की मांग की। व्यापारियों का आरोप है कि पहले बैंकों ने लाइन लगाकर सिक्के बांटे अब उन्हें लेने से मना कर रही है।
व्यापारी अजीत श्रीवास्तव, जहांगीर आलम, विनोद प्रजापति, बृजेश पोरवाल, अखिलेश लाक्षाकार, मोनू गुप्ता, नवीन गुप्ता आदि का कहना है कि वह लगातार ग्राहकों से एक, दो रुपये और दस रुपये के सिक्के ले रहे हैं। जब इन सिक्कों को बैंकों में जमा कराने के लिए जाते हैं तो बैंक के कर्मचारी उन्हें लेने से इंकार कर देते हैं।
ऐसे में सिक्कों की थैली लेकर लौटना पड़ता है। व्यापारियों का आरोप है कि पिछले माह तक जिन सिक्कों को बैंक अपने ग्राहकों को दे रही थी, उन्हीं सिक्कों को बैंक उपभोक्ताओं से लेने को मना कर रही है।
परेशान व्यापारियों ने एसडीएम के माध्यम से रिजर्व बैंक के उच्चाधिकारियों से उक्त समस्या का हल निकाले जाने की मांग की है। इस संबंध में स्टेट बैंक के सहायक महाप्रबंधक अरुण वर्मा ने कहा कि सभी बैंकों की शाखाएं सिक्के स्वीकार कर रही है। उपभोक्ता अपने खाते में सिक्के जमा करा सकते हैं।
-व्यापारियों का आरोप, आरबीआई से की गई सिक्के जमा कराने की मांग
अमर उजाला ब्यूरो