अमर उजाला ब्यूरो
औरैया। प्रदेश सरकार ने शादी अनुदान योजना बंद कर दी। इसकी जगह अब सामूहिक विवाह योजना शुरू की जाएगी। विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, इसकी रूपरेखा तैयार हो गई है। बेटी को गहने के लिए भी रकम अलग से मिलेगी, जिनसे वे मंगलसूत्र व बिछिया आदि सुहाग के जेवर खरीद सकेंगी।
सपा सरकार ने शादी अनुदान योजना शुरू की थी। इसके तहत अनुसूचित जाति, अन्य पिछड़ा वर्ग की लड़कियों को शादी के लिए 20 हजार रुपये दिए जाते थे। जब पूरे प्रदेश में इस योजना का सत्यापन कराया गया तो कई मामले फर्जी मिले। इसके बाद भाजपा सरकार ने इस योजना को बंद कर दिया।
बताया जा रहा है कि इस योजना के बजाय सामूहिक विवाह योजना शुरू होगी। इसके तहत समूह में विवाह होंगे। एक शादी पर सरकार 35 हजार रुपये खर्च करेगी। इसमें 15 हजार रुपये परिवार को बेटी के लिए गहने खरीदने के लिए दिए जाएंगे।
इसके अलावा बाकी 20 हजार रुपये शादी के इंतजाम पर खर्च किए जाएंगे। समाज कल्याण विभाग को इसका जिम्मा दिया जा रहा है।
जिला समाज कल्याण अधिकारी शंकर लाल ने बताया कि सामूहिक विवाह योजना पर निदेशालय काम कर रहा है। लड़की को शादी में गहने खरीदने को सरकार रकम देने की योजना बना रही है।
-बेटी के मंगलसूत्र के लिए भी सरकार देगी बजट