यह मामला अमरोहा देहात थानाक्षेत्र के हासमपुर गांव के जंगल का है। बुधवार दोपहर ग्रामीण खेत पर काम करने जा रहे थे। उन्होंने गन्ने के खेत में एक कोट का कवर पड़ा देखा, जिसमें से दुर्गंध आ रही थी। ग्रामीणों ने कवर की चेन खोलकर देखी को उसमें महिला का शव था, जो कई दिन पुराना था। वह शव सड़-गल चुका था। कुछ ही देर में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई।
सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने स्थानीय लोगों से शव की शिनाख्त कराने की कोशिश की, लेकिन शव की शिनाख्त नहीं हो पाई। पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद शव को पोस्टमार्टम हाउस पर मोर्चरी में रखवा दिया है। पुलिस ने सभी थानों को महिला की फोटो भेज कर गुमशुदगी से मिलान कराने के लिए कहा है, जिससे उसकी पहचान हो सके।
गन्ने के खेत में फेंकने से पहले शव को छिपाने का शक
गन्ने के खेत में मिले महिला के शव को देखकर हर कोई अचंभित रह गया। क्योंकि, महिला का शव कोट के कवर में पैक था। अंदाजा लगाया जा रहा है कि किसी महिला के शव को कई दिन तक छिपा कर रखा गया था। उसमें कीड़े पड़ने के साथ दुर्गंध आने पर शव को गन्ने के खेत में फेंक दिया गया है।
- महिला का शव कई दिन पुराना है। शव पूरी तरह सड़-गल चुका है। महिला की मौत कैसे हुई यह स्पष्ट नहीं हो सका है। फिलहाल, शव को मोर्चरी में रखवा दिया है। शव की पहचान कराने के लिए प्रयास किए जा रहे है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- अवधभान भदौरिया, सीओ नौगांवा सादात
हत्यारोपियों को पकड़ना तो दूर शिनाख्त भी नहीं हो पाई
अमरोहा। सरकार और पुलिस के अधिकारी महिलाओं पर होने वाले अपराध पर अंकुश लगाने का दावा करती है, लेकिन हकीकत बिल्कुल अलग है। पिछले दिनों जिले में मिली दो महिलाओं की गर्दन कटी लाश एक रहस्य बनकर रह गई हैं। पुलिस हत्यारोपियों को पकड़ना तो दूर महिलाओं की शिनाख्त भी नहीं कर सकी हैं। जिन परिवारों की यह महिलाएं होंगी उन्हें उनके लौटने का बेसब्री से इंतजार होगा।
- शव के 20 टुकड़े कर दो थैलों में भरकर फेंके थे : चार मार्च 2024 को नौगांवा सादात थानाक्षेत्र यहियापुर चौराहे से 200 मीटर दूर जंगल में पुलिस पिकेट के पास यूकेलिप्टस के नीचे झाड़ियों में दो बड़े कपड़े के थैले पड़े मिले थे। थैलों के आसपास पक्षी मंडरा रहे थे। दुर्गंध आने के बाद ग्रामीणों ने इसकी सूचना पुलिस पिकेट को दी थी। पुलिसकर्मियों ने मौके पर जाकर देखा तो दो थैलों में महिला के शव के 20 टुकड़े थे। महिला ने सलवार और कुर्ता पहन रखा था। थोड़ी दूर पर ही एक कपड़ों से भरा थैला भी पड़ा मिला था। फॉरेंसिक टीम ने भी मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए थे। महिला का टुकड़ों में शव मिलने के मामले में खुलासे के लिए आठ टीमें लगाई गई थीं। इसमें चार टीमें सीसीटीवी की फुटेज खंगाले। मृतक महिला की शिनाख्त करने के लिए जनपद पुलिस ने बरेली जोन के सभी थानों में महिला के चेहरे को फोटो भेजकर गुमशुदगी भी चेक कराई गई। लेकिन, सफलता नहीं मिली।
- बोरे में बंद मिली थी युवती की बिना गर्दन की लाश :
12 जनवरी की शाम गजरौला में तिगरी के सामने गंगा किनारे युवती की बिना गर्दन की लाश मिली। लाश बोरी में बंद थी। मृतका काला लोअर और छींटदार धारीदार सूट पहने हुए थी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने लाश को पानी से बाहर निकलवाया था। काफी प्रयास के बाद भी उसकी शिनाख्त नहीं हो सकी। गर्दन नहीं होने के कारण मृतका की पहचान नहीं हो सकी। पुलिस ने आशंका जताई कि बोरी पीछे से बहकर आई थी। मृतका के पोस्टमार्टम में पता चला कि हत्यारों ने धारदार हथियार से एक वार में युवती की गर्दन को धड़ से अलग कर दिया था। पहचान छिपाने के लिए उसकी सिर को गायब कर दिया गया है। पुलिस हत्यारोपियों को पकड़ना तो दूर महिलाओं की शिनाख्त भी नहीं कर सकी है।