पानी की बर्बादी रोकने के लिए शासन की ओर से एक पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया गया है। इसके तहत सातों दिन और 24 घंटे शहर को पानी मुहैया कराने की कवायद शुरू हो गई है। शहर के वार्ड-आठ मोहल्ला पीरगढ़ से इसकी शुरुआत होगी। स्वच्छ पानी की आपूर्ति कराने के साथ पानी की बर्बादी रोकने के लिए घरों में 1302 वाटर मीटर भी लगाए जाएंगे। इस पूरी परियोजना में 5.80 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
हर घर को स्वच्छ पानी उपलब्ध कराने के लिए ग्रामीण और शहरी क्षेत्राें में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। ग्रामीण इलाकों में जहां जल जीवन मिशन के तहत ओवरहैड टैंक बनाकर पानी की आपूर्ति किए जाने के लिए काम चल रहे हैं। वहीं, शहरी क्षेत्रों में भी पानी आपूर्ति सुधारने के प्रयास किए जा रहे हैं। सातों दिन में 24 घंटे पानी की आपूर्ति बनाए रखने के लिए अमरोहा के मोहल्ला पीरगढ़ में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर योजना को शुरू करने की तैयारी की जा रही है।
इसके तहत हर घर को 24 घंटे पानी उपलब्ध कराने पर काम किया जाएगा। जिसमें 5.80 करोड़ रुपये खर्च होंगे। पेयजल कनेक्शन के साथ ही पानी की बर्बादी न हो, इसके लिए घरों में वाटर मीटर भी लगाए जाएंगे। इसके तहत शुरू में 1302 वाटर मीटर लगाए जाने हैं। वाटर मीटर लगाए जाने के बाद नगर पालिका मीटर के अनुसार बिल वसूल करेगी। जिससे काफी हद तक पानी की बर्बादी पर अंकुश लगाया जा सकेगा।
साढ़े दस किलोमीटर पाइपलाइन बिछेगी
परियोजना के अंतर्गत पीरगढ़ में साढ़े दस किलोमीटर की पाइपलाइन बिछाई जाएगी। हालांकि, पानी के लिए ओवरहेड टैंक का निर्माण नहीं करना होगा। पाइपलाइन को मिनी स्टेडियम के पास बने ओवरहेड टैंक से ही जोड़कर पेयजल की आपूर्ति की जाएगी।
सेंसर बताएगा पानी का लेबल
ओवरहेड टैंक में पानी का लेबल जांचने को स्काडा (सुपरवाइजरी कंट्रोल एंड डेटा एक्विजिशन) सेंसर लगेगा। जो पानी का लेबल कम होने पर मोटर को स्वत: चालू कर देगा और टैंक भरने पर मोटर को बंद भी करेगा। इससे भी पानी की बर्बादी नहीं होगी और घरों में लगातार पानी की आपूर्ति हो सकेगी।
- शहर के पीरगढ़ में घरों में सातों दिन और 24 घंटे पानी उपलब्ध कराने के लिए पाइपलाइन आदि बिछाने का काम किया जाएगा। काम पूरा होने के बाद घरों में वाटर मीटर लगाने का काम किया जाएगा। परियोजना पर 5.80 करोड़ रुपये का खर्च आएगा।
- आकाश त्यागी, अधिशासी अभियंता, जल निगम नगरीय