इस पर परिजनों ने इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। इधर, शिकायत करने पहुंचे परिजनों को पुलिस ने टरका दिया। परिजनों का रो-रोकर बुराहाल है। नगर के मोहल्ला नाईपुरा निवासी दलवीर सिंह पुत्र यादराम ने बताया कि उसकी इकलौती बेटी संजीता (10) को तीन दिन से उल्टी दस्त की शिकायत थी।
इससे सुबह वह पत्नी जॉनी के साथ मासूम का इलाज कराने के लिए एक निजी नर्सिंग होम गया था। आरोप है कि, यहां डाक्टर ने इंजेक्शन लगा कर वापस भेज दिया। अभी कुछ दूरी तक ही पहुंच सके थे कि, बेटी ने दम तोड़ दिया।