गंगेश्वरी ब्लॉक की ग्राम पंचायत जयतौली मुस्तकम में ग्रामीणों को पेयजल की समस्या से जूझना पड़ रहा है। वर्ष 2016 में, ग्रामीण पेयजल योजना के तहत 2.97 करोड़ रुपये की लागत से एक ओवरहेड टैंक बनकर तैयार हुआ था। लेकिन, एक महीने चलने के बाद ही पानी की आपूर्ति ठप हो गई। इसका कारण था कि जगह-जगह पाइप लाइनें फट गईं। ग्रामीणों का आरोप है कि घटिया किस्म की पाइप लाइनें लगाई गई थीं, जिसके चलते यह समस्या उत्पन्न हुई है।
ग्राम पंचायत में लगभग 13 हजार की आबादी है और लगभग आठ हजार मतदाता हैं। जयतौली ग्राम पंचायत में शकरगढ़ी, महमूदाबाद और महपुर गुर्जर मजरा शामिल हैं। इन सभी गांवों के लोग पानी की समस्या से परेशान हैं। ग्रामीणों ने कई बार शिकायत की है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों ने नौ साल बाद भी इस समस्या का समाधान नहीं किया है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें पानी के लिए दूर-दूर तक जाना पड़ता है। खासकर महिलाओं को पानी लाने में बहुत परेशानी होती है।
गर्मी के मौसम में यह समस्या और भी गंभीर हो जाती है। ग्रामीणों ने सरकार से इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। ग्रामीणों की यह समस्या एक गंभीर मुद्दा है। सरकार को इस पर ध्यान देना चाहिए और ग्रामीणों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए उचित कदम उठाने चाहिए। यह आवश्यक है कि जिम्मेदार अधिकारियों को जवाबदेह बनाया जाए।
बोले ग्रामीण
ओवरहेड टैंक का लाभ ग्रामीणों को नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीण आज भी दूषित पानी पीने के लिए मजबूर हैं। - सगीर
ओवरहेड टैंक तैयार होने के बाद एक माह भी पानी की आपूर्ति ठीक से नहीं मिल सकी। कई बार शिकायत करने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो सका। - -अमित कुमार
-पेयजल आपूर्ति के लिए करोड़ों की सरकारी रकम इसमें खपा दी गई, लेकिन इसका लाभ नहीं मिल रहा है।- साहिल
ओवरहेड टैंक के संचालन में हो रही परेशानी की जानकारी है। समस्या के समाधान के लिए होने वाले कार्य का एस्टीमेट बनाकर शासन को भेज दिया है। अप्रैल माह में समस्या का समाधान कराया जाएगा।
शहरोज आरिफ सहायक अभियंता, जल निगम अमरोहा।