मौसम में बदलाव के साथ वायरल बुखार का प्रकोप लगातार बढ़ रहा है। जिला अस्पताल में तो मरीजाें की भीड़ उमड़ ही रही है, वहीं घर-घर लोग बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। रविवार को छुट्टी के दिन भी जिला अस्पताल के वार्ड में बुखार के 20 मरीज भर्ती रहे। उधर, निजी अस्पताल में भी वायरल बुखार से पीड़ितों की भीड़ है। चिकित्सक ऐसे में सावधानी बरतने सलाह दे रहे हैं।
पिछले दिनों मौसम में हुए उलटफेर के बाद वायरल बुखार ने पैर पसारने शुरू कर दिए हैं। सितंबर माह करीब खत्म होने को है, तो बीमारियों का ग्राफ बढ़ने लगा है। वर्तमान में स्थिति यह है कि घर-घर लोग वायरल बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। सरकारी के साथ निजी अस्पतालों में ओपीडी दोगुनी से अधिक भीड़ बढ़ रही है। जिला अस्पताल में हर दिन एक हजार से अधिक मरीज इलाज को पहुंच रहे हैं। हालांकि, रविवार को जिला अस्पताल में अवकाश रहा। लेकिन बुखार के 20 मरीज वार्ड में भर्ती रहे। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. चरन सिंह ने बताया कि बुखार पीड़ितों को इलाज बेहतर तरीके से किया जा रहा है। बता दें कि जिले में बुखार से अब तक पांच मौत हो चुकी हैं। वहीं डेंगू के छह तो मलेरिया के पांच केस मिल चुके हैं।
सही परामर्श से ही दवाई लें
सीएमओ डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि वायरल बुखार के मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है। ऐसे में लोगों को स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने की जरूरत है। खुले में रखी चीजें, सड़े गले फल आदि का सेवन न करें। घर का खाना खाएं और सुरक्षित रहें। बासी भोजन, ठंडा पानी पीने से भी परहेज करें। उल्टी दो-तीन बार से अधिक होने पर चिकित्सकों से परामर्श लेकर ही दवा लें।
ये बरतें सावधानी
- सर्दी जुकाम के मरीज से दूरी बनाए रखें।
- एसी से निकल कर तुरंत धूप में जाने तथा धूप से एसी में आने से बचें।
- ठंडा पानी पीने से बचें।
- ताजा भोजन करें, भोजन हल्का व सुपाच्य हो।
- अपने आसपास सफाई का विशेष ध्यान रखें।
-वायरल बुखार होने पर कम से कम पांच दिन आराम करें।