गजरौला। रामगंगा पोषक नहर में डूबे ट्रैक्टर ट्रॉली और पैंटून पुल के कैप्सूल को चौथे दिन बाहर निकाल लिया गया। दोनों को तीन से छह घंटे की मशक्कत के बाद निकाला जा सका।
बुधवार रात करीब 12 बजेे खनन के ओवरलोड ट्रैक्टर ट्रॉली ने दारानगर व अलीनगर गांव के बीच रामगंगा पोषक नहर केे पैंटून पुल को तोड़ दिया था। ट्रैक्टर ट्रॉली खुद भी नहर में गिर जाने के कारण डूब गई थी। उसके चालक ने किसी तरह कूदकर जान बचाई थी। पुल का एक कैप्सूल (पीपा) भी पानी में समा गया था। पुुल टूट जाने से चार गांवों का संपर्क कट गया था। इसके अलावा चार गांवों के लोगों का खेतों पर आना-जाना बंद हो गया था।
सिंचाई विभाग ने पैंटून पुल का डूबा पीपा निकालने से हाथ खड़े कर दिए थे। कहा था कि एक जून को पुल हटा दिया जाएगा। तब तक क्या निकालें। मगर ग्रामीणों ने स्थानीय विधायक राजीव तरारा को अपनी पीड़ा सुनाई और उनसे पुल जल्द से जल्द दुरुस्त कराने की मांग की। जिससेे आवागमन सुगम हो सके। विधायक ने अधिशासी अभियंता को फोन कर जल्द से जल्द पुल दोबारा चालू करने के निर्देश दिए। चौथे दिन रविवार सुबह सिंचाई विभाग के अफसरों की मौजूदगी में हाईड्रा मंगाया गया। जिसे चकनवाला के सामनेे पक्केे पुल से होकर शीशों वाली आदि गांवों का चक्कर काटकर नहर के किनारे लाया गया।
पानी में डूबे कैप्सूल व ट्रैक्टर ट्रॉली में हाईड्रा की लोहे की जंजीर बांधने के लिए गोताखोर लगाए गए। सुबह 6 बजे प्रयास में जुट जाने पर तीन घंटे की मशक्कत के बाद करीब 9 बजे कैप्सूल निकाला जा सका। इसके बाद ट्रैक्टर ट्रॉली को निकालने में जुटे। उसे करीब दोपहर 12 बजेे निकाला जा सका। सिंचाई विभाग के एसडीओ जयंती प्रसाद सुमन का कहना है कि एक दो दिन में पैंटून पुल दुरुस्त हो जाएगा। आवागमन में आ रही दिक्कत दूर होगी।
पत्र लिखने के बाद कम नहीं हुआ नहर का पानी
गजरौला। पैंटून पुल टूट जाने और नहर में ट्रैक्टर ट्रॉली डूब जाने से सिंचाई विभाग के अधिकारी-कर्मचारी सकते में आ गए थे। नहर में अधिक चल रहे पानी को कम कराने के लिए 14 मई को उत्तराखंड में तैनात सिंचाई विभाग के अधिकारियों को पत्र लिखा। हवाला दिया कि पुल का पीपा और ट्रैक्टर ट्रॉली निकालने के लिए पानी कम किया जाए, लेकिन कम नहीं किया गया। उधर स्थानीय विधायक के साथ ही प्रशासनिक अफसरों का दबाव बढ़ रहा था। इस कारण रविवार को सिंचाई विभाग ने हाईड्रा बुलाया, जबकि ट्रैक्टर ट्राली चालक ने गोताखोर बुलाए। ट्रैक्टर ट्रॉली व पीपा को निकाला जा सका। संवाद
पुलिस को दी थी ट्रैक्टर ट्रॉली के अज्ञात चालक के खिलाफ तहरीर
गजराैला। खनन किए रेता से भरे ओवरलोड ट्रैक्टर ट्रॉली द्वारा पैंटून पुल तोड़ दिए जाने के बाद सिंचाई विभाग इस तैयारी में था कि चालक के खिलाफ कार्रवाई के लिए थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई जाए। मगर जब विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों को मौके पर जाकर जानकारी हुई कि नहर में डूबी ट्रैक्टर ट्रॉली का चालक लापता है। कहीं उनकी गर्दन न फंस जाए, इस आशंका के चलते ट्रैक्टर ट्रॉली के चालक के खिलाफ तहरीर देने का इरादा बदल दिया। जब चालक का पता चल गया तो उन्होंने राहत की सांस ली और अज्ञात चालक के खिलाफ तहरीर दी। इसकी पुष्टि सिंचाई विभाग के एसडीओ ने की है। संवाद