क्षेत्र में खूंखार कुत्तों का आंतक हैं। सोमवार सुबह गांव कैसरा निवासी नीतिश का बेटा जॉनी घर से स्कूल जा रहा था। वह गांव के ही सरकारी स्कूल में कक्षा एक में पढ़ता है। स्कूल से पहले खाली पड़े मैदान के पास कुत्तों के झुंड ने जॉनी पर हमला बोल दिया। कुत्ते जॉनी को बुरी तरह नोचने लगे। बालक की चिल्लाने की आवाज सुनकर ग्रामीण मौके पर दौड़े।
उन्होंने कुत्तों के झुंड से जॉनी को बचाया। एक ग्रामीण देव ने बताया कि ग्रामीण लाठी-डंडों से कुत्तों को नहीं भगाते, तो कुत्ते छात्र की जान ले सकते थे। बेटे पर कुत्तों के हमले की जानकारी पर परिजन भी मौके पर पहुंचे। छात्र का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। गांव निवासी अधिवक्ता विनोद शास्त्री ने बताया कि खाली मैदान में हर समय खूंखार कुत्ते मौजूद रहते हैं। ग्रामीणों ने कुत्तों को पकड़कर जंगल में छोड़ने की मांग की है।