शादी से सात दिन पहले गुलड़िया बिजलीघर पर तैनात संविदा लाइनमैन राकेश कुमार (25) ने ही घर में ही फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। कुछ ही देर में ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। पुलिस व फारेंसिक टीम ने घटनास्थल पर साक्ष्य जुटाए। परिजनों का आरोप है कि लड़की पक्ष ने फोन कर राकेश को धमकाया था, जिसके बाद उनसे यह कदम उठा लिया। उधर, संविदा कर्मी के आत्महत्या करने से घर से चल रही शादी की तैयारियां मातम में बदल गई।
राकेश कुमार नौगांवा सादात क्षेत्र के इब्राहिमपुर गांव निवासी किसान जगत सिंह के बेटे थे। तीन भाइयों में मझला राकेश दो साल से गुलड़िया बिजलीघर पर संविदा लाइनमैन के पद पर तैनात थे। उनके दोनों भाई उत्तराखंड में नौकरी करते हैं। परिजनों के मुताबिक, राकेश कुमार का तहेरे भाई की साली से प्रेम प्रसंग चल रहा था। दोनों ने कोर्ट मैरिज भी कर ली थी। दोनों की जिद के आगे परिवार के लोग भी अब उनकी शादी करने को तैयार हो गए। बीते शारदीय नवरात्रों में गोद भराई की रस्म अदायगी भी कर ली गई थी।
शादी के लिए 20 फरवरी तय की थी। हालांकि, परिवार के ही कुछ लोग इस शादी के खिलाफ हो गए। आरोप है कि बुधवार शाम राकेश के पास लड़की पक्ष के लोगों का फोन आया था। उन्होंने बरात में रिश्तेदारों को न लाकर अकेले आने के लिए कहा। ऐसा नहीं करने पर जेल भिजवाने की धमकी दी। फोन पर बातचीत के बाद राकेश परेशान हो गया। हालांकि, परिवार के सदस्यों के साथ खाना खाने के बाद राकेश अपने कमरे में जाकर सो गया।
बृहस्पतिवार सुबह राकेश कमरे से बाहर नहीं आया तो परिजन उसे उठाने पहुंचे। कमरा अंदर से बंद था। परिजनों ने खिड़की खोलकर देखा तो राकेश रस्सी के सहारे फंदे पर लटका था। जिसे देखकर परिजनों में चीखपुकार मच गई। कुछ ही देर में ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना पर नौगांवा सादात पुलिस मौके पर पहुंची। एसपी अमित कुमार आनंद के निर्देश पर फारेंसिक टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए।
सीओ पंकज त्यागी ने बताया कि प्राथमिक जांच में सामने आया है कि राकेश ने आत्महत्या की है। उसने आत्महत्या क्यों की इसकी जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों की तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।