बान नदी का अस्तित्व बचाने के लिए अमर उजाला द्वारा चलाए गए अभियान को बुधवार को बड़ी सफलता मिली है। एवजाबाद में बान नदी की खुदाई को फावड़ा चला। एसडीएम सदर प्रवीणा ने खुद फावड़ा चलाकर नदी खुदाई का विधिवत शुभारंभ किया। वहीं लेखपालों ने मिठाई बांटकर खुदाई कार्य में सहयोग करने का आह्वान किया।
एसडीएम, ग्राम विकास अधिकारी, सचिव लेखपाल आदि को फावड़ा चलाते देख ग्राम प्रधान और ग्रामीणों ने भी नदी में फावड़ा चलाकर श्रमदान किया। गुरुवार से काफी संख्या में मनरेगा मजदूर खुदाई में जुट जाएंगे। जिले के 42 गांवों में बान नदी की खुुदाई कराई जाएगी। गांवों को चिह्नित कर लिया गया है।
उत्तराखंड के कोटद्वार से निकलकर बिजनौर होते हुए अमरोहा जनपद की सीमा में बहने वाली बान नदी को पुनर्जीवित कराने के लिए अमर उजाला ने अभियान चलाया है। अभियान पर प्रशासन नदी की खुदाई को आगे आया है।
बुधवार को एसडीएम सदर प्रवीणा की मौजूदगी में लेखपाल, तकनीकी अधिकारी, ग्राम विकास अधिकारी, सचिव आदि एवजाबाद में बान नदी की पैमाइश करने पहुंचे। बान नदी के पुल से पैमाइश का कार्य शुरू हुआ। पुल से लेकर आगे तक बीस मीटर चौड़ाई में नदी की खुदाई कराई जाएगी। खुदाई को चिंह्निकरण किया गया। साथ ही खुदाई कार्य का भी विधिवत शुभारंभ कर दिया गया। एसडीएम सदर प्रवीणा ने नदी में फावड़ा चलाकर खुदाई कार्य का शुभारंभ किया।
पैमाइश को गई टीम ने भी नदी में फावड़ा चलाया। मौके पर मौजूद ग्रामीण, ग्राम प्रधान आदि ने बान नदी की खुदाई में सहयोग करने को स्वयं फावड़ा चलाकर श्रम दान किया। एवजाबाद और लालू नंगला के मनरेगा मजदूर गुरुवार से खुदाई कार्य में जुट जाएंगे। काफी संख्या में मनरेगा मजदूर खुदाई कार्य में लगाए जाएंगे।
इसके लिए डीसी मनरेगा को निर्देशित किया गया है। यहां, कानूनगो मंजूर अहमद, लेखपाल महमूद, ग्राम विकास अधिकारी दिनदयाल सिंह, ग्राम प्रधान मौमीन, सुनील, प्रमोद कुमार, देशराज सिंह, धर्मवीर सिंह, रजनीश कुमार, महीपाल सिंह, अरिवंद, पंकज मौजूद रहे।
बान नदी की खुदाई को 42 गांव चिह्नित
अमरोहा। नाजरपुर खुर्द, रायपुर पट्टी कला, मउमयचक, रायपुर कला, उक्सी, बुढेरना, लालू नंगला, नौराहन, पिलक सराय, एवजाबाद, कासमपुर मेव, सिरसाजट, कायमपुर उर्फ करार नगर, कलामपुर, गजाना, मुबारकपुर कला, शाहिदपुर, शहजादपुर, हाजरपुर, सुल्तानपुर इंतजाम अली खां, भटपुरा सकैनिया, अकबरपुर सकैनिया, नगली मीरा शाह, मझौला खुर्द, रसूलपुर मजरा मझौली, मझौली, देवीपुरा, फूलपुर अदलपुर, जलीलपुर बक्काल, निजामपुर सैंदरी, लोधीपुर बंजारा, कालीलेट, चक कालीलेट, वाजिदपुर, सिरसा मनीहार, सिरसा मोहन, औरंगाबाद, चक शिकरिया, शिकरिया, तारापुर, बिजड़ा, फिरदपुर इम्मा गांव में बान नदी की खुदाई को चिह्नित किए गए हैं। जल्द ही इन गांवों में भी बान नदी की खुदाई को पैमाइश का कार्य शुरू होगा।
एवजाबाद में बीस साल पहले बहती थी नदी
कैलसा। एवजाबाद और लालू नंगला, नाजरपुर खुर्द के ग्रामीणों ने बताया कि आज से करीब बीस साल पहले बान नदी यहां कलकल कर बहती थी। लेकिन आज नदी क्षेत्र पर अतिक्रमण कर उसका अस्तित्व मिटाने का प्रयास किया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि बान नदी के पुनर्जीवित होने से क्षेत्र में सिंचाई का संकट दूर होगा। वाटर लेबल ऊपर आएगा। हर हाल में नदी की खुदाई होनी चाहिए।
एवजाबाद में बान नदी की पैमाइश कराते हुए खुदाई का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है। जल्द से जल्द खुदाई के कार्य को पूूर्ण कराया जाएगा। खुदाई में मनरेगा मजदूरों को लगाया जाएगा। नदी क्षेत्र में जिन लोगों की फसलें आदि खड़ी हैं वह उन्हें हटा लें। बान नदी की खुदाई कार्य में सहयोग करें।- वेद प्रकाश, जिलाधिकारी अमरोहा