रजबपुर(अमरोहा)। केंद्र सरकार द्वारा बनाए गए नए कृषि कानूनों के विरोध में जोया टोल प्लाजा पर किसानों का धरना नौवें दिन भी जारी रहा। आक्रोशित किसानों ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान सुरक्षा के लिहाज से भारी पुलिस बल मुस्तैद रहा।
भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष चौधरी रामपाल सिंह के नेतृत्व में तमाम किसान जोया टोल प्लाजा पर डटे हुए हैं। किसानों ने केंद्र सरकार पर उद्योगपतियों के साथ मिलकर अन्नदाता को बर्बाद करने का आरोप लगाया। साथ ही जमकर नारेबाजी की। वक्ताओं ने कहा कि केंद्र सरकार पूंजीपतियों के दबाव में अन्नदाता के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। किसान पिछले छह महीने से मांग कर रहा, बावजूद इसके सरकार अपनी जिद पर अड़ी हुई है। सरकार किसानों की समस्याओं को समझने को तैयार नहीं है। कहा कि नए कृषि कानून से खेती-किसानी को कॉरपोरेट कंपनियों का गुलाम बना दिया है। सरकार का किसानों के साथ हठधर्मिता रवैया बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकार किसानों के सब्र का इम्तिहान ले रही है। चुनौती दी कि अगर किसान अपनी पर आ गया तो सरकार की ईंट से ईंट बजा देगा। सरकार को तीन कृषि कानूनों को वापस लेना पड़ेगा। साथ ही प्रस्तावित बिजली विधेयक 2020 वापस होगा। इसके अलावा स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट को लागू किया जाए या सरकार एमएसपी की गारंटी लें। तीनों काले कानूनों को वापस होने तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा। इस दौरान सुभाष चीमा, बचन सिंह, भूरे सिंह, साहब सिंह, निरंजन सिंह, रीनू सिंह, धर्मवीर सिंह आदि मौजूद रहे।