जिस तरह प्रदेश में सपा परिवार में अंतर्कलह बनी है, ठीक उसी तरह जनपद के माननीयों के बीच भी रार चल रही है। बगैर नाम लिए एक दूसरे पर कटाक्ष हो रहे हैं। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के चेयरमैन मौलाना जावेद आब्दी ने मंच से जो बगैर नाम लिए भाषण दिया, उसमें निशाने पर क्षेत्रीय विधायक रहे।
कहा कि जिन लोगों को क्षेत्र की जनता ने जनप्रतिनिधि चुना, वो जनता के ही देसी मुर्गे खा-खाकर मोटे हो गए हैं। इतना चेहरा मोटा हो गया है कि किसी भी विस क्षेत्र में नहीं मिलेगा। क्षेत्र में विकास कार्य उन्होंने नहीं कराए, जबकि मुस्लिम भाईयों को बांटने का काम जरूर किया। इस बार जनता को ऐसा विधायक दिया जाएगा, जो उसकी सेवा करेगा।
एक बार फिर माननीयों के दिलों में एक दूसरे के प्रति पैदा हुई तल्खी नजर आई। नौगावां सादात तहसील भवन निर्माण की जगह का मामला सीएम के दरबार में पहुंचने के बाद क्षेत्रीय विधायक अशफाक अली खां व विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के चेयरमैन के बीच हुए विवाद पर विराम तो लगा, लेकिन दिलों के अंदर पैदा हुए मतभेद दूर नहीं हो पाए।
हालांकि प्रकरण सीएम के सामने पहुंचने पर विधायक तो खामोश हो गए, मगर मंगलवार को नौगावां सादात में अबू तालिब चौक की नींव रखने के दौरान जो नजारा देखने को मिला, वह वाकई चौंकाने वाला था।
मौलाना जावेद आब्दी ने किसी का नाम लिए बिना ही कटाक्ष विधायक पर करते हुए कहा कि जिन लोगों को जनता ने जनप्रतिनिधि बनाया है, वह देसी मुर्गे खाकर मोटे हो गए हैं। चेहरा इतना बड़ा हो गया है कि किसी प्रतिनिधि का नहीं है।
नौगावां सादात नगर में केवल मैंने विकास कराएं है। जनप्रतिनिधियों ने कोई काम नहीं किया है। हां, मुस्लिम भाइयों को बांटने की कोशिश अवश्य की है। इसलिए अबकी बार ऐसा चेहरा लाया जाएगा जो जनता की खिदमत में हमेशा तैयार रहेगा। उसके कामों को करेगा।