अमरोहा। भारतीय किसान यूनियन लोकशक्ति ने गन्ने की कीमत 450 रुपये प्रति क्विंटल की मांग को लेकर आवाज बुलंद की। स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश को लागू करने को कहा। सांसद और विधायकों के पेंशन को बंद करने की मांग की। संगठन ने कहा कि यह लोग नौकरी नहीं बल्कि सेवा करते हैं। राष्ट्रपति को संबोधित पत्रक डीएम उमेश मिश्र को सौंपा।
जिलाध्यक्ष हसीन अहमद गफ्फारी की अगुवाई में संगठन के लोग गुरुवार को कलेक्ट्रेट परिसर में आए। उन्होंने कहा कि किसानों को फसल की उपज के लागत का डेढ़ गुना कीमत दी जाए। इसके अलावा किसानों को 5,000 रुपये मासिक पेंशन दिलाएं क्योंकि पीएम नरेंद्र मोदी ने मार्च 2015 में घोषणा एलान किया था। हालांकि वादे को छह साल पूरे हो गए हैं लेकिन अब तक पूरा नहीं हो सका है। इसके अलावा 60 साल पूरा करने वाले किसानों को एक हजार रुपये मासिक पेंशन दी जाए। गन्ना बकाया को ब्याज समेत भुगतान कराएं। डीजल, पेट्रोल और रसोई गैस की बढ़ी हुई कीमत को वापस लिया जाए। पेट्रोल पंपों में घटतौली की जा रही है। इसे अविलंब बंद कराए। वरना पेट्रोल पंप मालिकों के खिलाफ आंदोलन किया जाएगा। विरोध प्रदर्शन में महेंद्र सिंह, राजपाल चौहान, हुकम सिंह, रामगोपाल आदि रहे।