अमरोहा। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण में संबंधित कर्मचारी गंभीरता नहीं बरत रहे हैं। सर्वे के दौरान पहले पात्र दिखाने के बाद सचिव ने दूसरी रिपोर्ट में उसे अपात्र दिखा गया। जगह-जगह शिकायत करने के बाद शिकायतकर्ता सोमवार को विकास भवन पहुंचा तथा सीडीओ को मामले से अवगत कराया। सचिव के काम पर सीडीओ ने नाराजगी जताई। साथ ही मामले की जांच पीडी डीआरडीए को सौंप दी है।
मामला गंगेश्वरी ब्लॉक के गांव ढकिया खादर से जुड़ा है। गांव निवासी वीरपाल सिंह ने सीडीओ को दी शिकायत में कहा है कि उसने सात अक्तूबर 2024 को प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण का लाभ लेने के लिए आवेदन किया था जिसके बाद 30 अक्तूबर को की गई जांच में उसे पात्र दर्शा दिया गया। लिखा कि प्रकरण मांग श्रेणी का है और आवास के लिए पात्र है। लक्ष्य प्राप्त होने पर नियमानुसार लाभान्वित कराए जाने की कार्रवाई की जाएगी लेकिन इसके बाद एक अप्रैल को हुई जांच में पंचायत सचिव कपिल यादव ने वीरपाल का मकान पक्की ईंटों का बताते हुए योजना के लिए अपात्र बता दिया।
वीरपाल ने बताया कि सचिव द्वारा दी गई रिपोर्ट में किसी दूसरे मकान का फोटो लगाया गया है। बीडीओ ने सचिव द्वारा दी गई रिपोर्ट को आगे बढ़ा दिया। इसके बाद से ही वह लगातार अधिकारियों के चक्कर काट रहा है लेकिन उसकी कोई सुनवाई नहीं हुई। वीरपाल सिंह को शिकायत को गंभीरता से लेते हुए सीडीओ अश्वनी कुमार मिश्रा ने मामले की जांच पीडी डीआरडीए अंबरीश कुमार को सौंप दी है। साथ ही बीडीओ को स्पष्टीकरण तलब करते हुए सचिव को प्रतिकूल प्रविष्टी जारी करने के निर्देश भी दिए हैं।