गजरौला। ऑक्सीजन की किल्लत ने गांव रहदरा के नवनिर्वाचित प्रधान की जान ले ली। वह कई दिनों से बुखार से पीड़ित चल रहे थे। वहीं ऑक्सीजन लेवल कम होने के कारण उन्हें सांस लेने में भी काफी दिक्कत हो रही थी। तड़के उनका शव गांव लाया गया। बाद में गंगाधाम तिगरी में अंतिम संस्कार कर दिया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम गुरुवार को गांव में ग्रामीणों के स्वास्थ्य की जांच को पहुंचेगी।
बुधवार की तड़के लगभग चार बजे गांव रहदरा के नवनिर्वाचित प्रधान कैलाश (45) का शव गांव लाया गया। वहां से उन्हें अंतिम संस्कार के लिए गंगाधाम तिगरी ले जाया गया। बताते हैं कि कैलाश हाल ही में हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में गांव से प्रधान पद पर चुनाव लड़े थे। परिजनों के मुताबिक वह बुखार से पीड़ित थे और गांव में ही उनका अपना उपचार करा रहे थे। मंगलवार की रात उनकी हालत अचानक से बिगड़ गई और सांस लेने में भी दिक्कत होने लगी। बताया गया कि उनका ऑक्सीजन लेवल काफी घट गया है। इस पर उन्हें आनन-फानन में हसनपुर में स्थित एक निजी अस्पताल में ले जाया गया। बताते हैं कि वहां ऑक्सीजन खत्म हो जाने के कारण उनकी सांसें थम गईं। जानकारी होने पर परिजनों में कोहराम मच गया। गांव के पूर्व प्रधान करन सिंह सैनी ने बताया कि गांव में अभी भी तमाम ग्रामीण बुखार और वायरल की चपेट में हैं। यदि जांच कराई जाए तो इनमें कई कोरोना संक्रमित भी निकलेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि कई बार कहने के बावजूद गांव में स्वास्थ्य विभाग ने जांच टीम नहीं भिजवाई। वहीं सीएचसी अ धीक्षक डा. योगेंद्र सिंह ने बताया कि गुरुवार को गांव में टीम भिजवाई जाएगी।
ब्लाक के गांव रहदरा के नवनिर्वाचित प्रधान कैलाश की बीमारी से मौत की जानकारी मिली है। काफी दुखद घटना है। आला अफसरों को भी इस संबंध में अवगत करा दिया गया है।
मदनपाल सिंह, एडीओ (पंचायत)