अमरोहा। बंबूगढ़-जोया बाईपास पर रविवार दिनदहाड़े न्यायिककर्मी राशिद हुसैन को कार से खींचकर बीवी-बच्चों के सामने मौत के घाट उतारने के मामले में अभी पुलिस एक ही आरोपी को गिरफ्तार कर सकी है। इस मामले में तीन अज्ञात समेत सात के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई थी।
सरेराह हुई इस वारदात के चश्मदीद रहे राशिद के भतीजे सलमान ने डिडौली थाने में हुसैनपुर गांव के कलीम, शान, कसीम, नसीम और तीन अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। एसपी अमित आनंद ने हत्यारोपियों तक पहुंचने के लिए पुलिस की चार टीमें गठित की थीं। रविवार रात में ही उन्होंने इस आशय के निर्देश जारी कर दिए थे। तब तक पुलिस दो संदिग्धों को हिरासत में ले चुकी थी।
सोमवार को 24 घंटे से ज्यादा का वक्त गुजर जाने के बाद भी पुलिस एक आरोपी को दबोच सकी है। सीओ अभिषेक यादव ने बताया कि इस मामले में आरोपी शान को गिरफ्तार कर लिया है। उसे न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें दबिश दे रही हैं। इस मामले में दो संदिग्ध भी हिरासत में हैं। सीओ के मुताबिक अभी तक की जांच में कलीम को मुख्य आरोपी माना गया है, हमले के दौरान उसने ही फोन करके भीड़ जुटाई थी। अभी कलीम हत्थे नहीं चढ़ा है।
न्यायिक परिसर की रही कड़ी सुरक्षा, मुस्तैद रही पुलिस
अमरोहा। पुलिस के हत्थे चढ़े न्यायिककर्मी के हत्यारोपी शान को सोमवार को पुलिस ने अदालत में पेश किया। अदालत के निर्देश पर उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
इस दौरान न्यायिक परिसर में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात रहे। पुलिस को डर था कि वारदात से उत्तेजित न्यायिक कर्मचारी व अधिवक्ताओं की तरफ से गिरफ्त में आए आरोपी को लेकर गुस्सा न भड़क जाए, इसलिए फोर्स को मुस्तैद रखा गया। संवाद
-
गमगीन माहौल में राशिद को दी अंतिम विदाई
अमरोहा। रविवार को परिवार सहित सफर के दौरान जानलेवा हिंसा के शिकार हुए न्यायिककर्मी राशिद हुसैन का देररात पोस्टमार्टम होने के बाद सोमवार दिन में उन्हें अंतिम विदाई दी गई।
परिवार के सदस्यों की चीखों के बीच उनकी जनाजा आगे बढ़ा। इस दौरान बड़ी संख्या में रिश्तेदार, आसपास के लोग तथा शहर के गणमान्य लोग मौजूद थे। गमगीन माहौल में उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया गया। अधिवक्तागण और कुछ न्यायिक अधिकारी भी शोक व्यक्त करने पहुंचे। संवाद
-