भारत और पाकिस्तान के बीच चल रही तनातनी को लेकर जिला प्रशासन ने आपदा प्रबंधन के प्रति तैयारियों को सशक्त करने और आम जनमानस को जागरूक करने के उद्देश्य से सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल कराई गई। तेज धमाके के साथ बिल्डिंग गिरने लगी तो सायरन बजते ही छात्र बिल्डिंग से बाहर निकले। सुरक्षाकर्मी घायलों को स्ट्रेचर पर लेकर भागते दिखे।
वहीं दमकल की टीम ने आग बुझाकर हालातों पर काबू पाया। जिलेभर के स्कूल कॉलेज में मॉक ड्रिल के जरिए छात्र-छात्राओं को जागरूक किया गया। बिगड़ते हालात के दौरान स्वास्थ्य विभाग अग्निशमन विभाग पुलिस और एनडीआरएफ की टीम ने राहत और बचाव कार्य का बेहतरीन प्रदर्शन किया।
पूर्व में निर्धारित कार्यक्रम के तहत एडीएम बृजेश कुमार त्रिपाठी, अपर पुलिस अधीक्षक राजीव कुमार सिंह, सीओ सिटी अरुण कुमार, अमरोहा नगर इंस्पेक्टर पंकज तोमर, देहात थाना प्रभारी बालेंद्र यादव राजकीय इंटर कॉलेज पहुंचे। यहां फायर ब्रिगेड, स्वास्थ्य विभाग, नगर पालिका, एनसीसी कैडेट्स, स्काउट गाइड्स, छात्र-छात्राएं व अन्य आपदा राहत इकाइयों से जुड़े अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
सभी ने मिलकर सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल की शुरुआत की। एसपी अमित कुमार आनंद ने बताया कि मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा स्थिति में त्वरित एवं समन्वित प्रक्रिया सुनिश्चित करना और आम नागरिकों को आपदा के समय अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपायों के प्रति जागरूक करना था। इस दौरान ड्रिल में सुरक्षित निकासी प्रक्रिया, फर्स्ट एंड आपातकालीन सेवा नंबरों की जानकारी दी गई।
छात्र-छात्राओं और आमजन लोगों को बताया गया कि आपदाओं से निपटने के लिए प्रशासनिक तंत्र की भागीदारी जितनी जरूरी है उतना ही जरूरी है नागरिकों को जागरूक होना। करीब डेढ़ घंटे चली मॉक ड्रिल का आयोजन सफल रहा। इसके अलावा नौगांवा सादात सर्किल सीओ अवधभान भदोरिया की मौजूदगी में जोया रोड स्थित गैलेक्सी अपार्टमेंट पर अग्निशमन अधिकारी और पुलिस फोर्स की मौजूदगी में संयुक्त रूप से मॉक ड्रिल कराई गई।
इसके अलावा रात 8 बजे अमरोहा ग्रीन्स, आरजू एनक्लेव, सिटी होम्स में अधिकारियों की मौजूदगी में ब्लैक आउट मॉक ड्रिल कराई गई। इस दौरान देशभर में संभावित हवाई हमले से बचने के लिए लोगों को जागरूक किया गया। बताया गया कि किसी भी स्थिति में घबराए नहीं। बच्चों और बुजुर्गों को जागरूक करें और उन्हें समझाएं। रात 8 बजे से 8:15 बजे तक ब्लैक आउट मॉक ड्रिल होगी।