सोमवार रात देहात थानाक्षेत्र में दो एकड़ से अधिक जमीन में खड़े फलदार पेड़ों को काट दिया। जिन पेड़ों को काटा गया है, उन पर आम का बौर खिल रहा था।
अमरोहा जनपद आम के उत्पादन के लिए प्रसिद्ध है। सीजन आने के बाद यहां के आम का स्वाद देश-दुनिया के लोग चखते हैं। लेकिन जिले में प्लाटिंग करने के लिए माफियाओं द्वारा आम के हरे-भरे पेड़ों का कटान किया जा रहा है। शहर-कस्बों के ईद-गिर्द अवैध कालोनी बसाई जा रही हैं। यह सब माफिया की मिली भगत से हो रहा है। उद्यान और वन विभाग बगैर सर्वे किए कार्यालय में बैठ पेड़ों के कटान की अनुमति दे देते हैं। मंगलवार की रात माफिया ने देहात थानाक्षेत्र स्थित कांशीराम कालोनी के पास स्थित करीब चार एकड़ जमीन में खड़े आम के पेड़ों का कटान कर दिया। जबकि उद्यान विभाग द्वारा पलदार हरे पेड़ों को कटाने के अनुमति नहीं दी जा सकती है। इसके बाद भी यह संभव हो रहा है। हैरत की बात यह है कि कांशीराम कॉलोनी के पास जो पेड़ काटे गए हैं, उन हरे-भरे पेड़ों पर बौर खिल रहा है। यहां पंद्रह से अधिक फलदार पेड़ों को काट दिया गया। लेकिन मंगलवार की सुबह फजीहत होने के बाद विभागीय अधिकारी मौके पर पहुंचे और कटान को रुकवा दिया है। अब वन विभाग के जिम्मेदार आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की बात कह रहे हैं।
कांशीराम कॉलोनी के पास बगैर फलदार आम के आठ पेड़ काटने का परमिट जारी किया गया था, लेकिन मौके पर जाकर जांच की गई तो छह पेड़ ज्यादा कटे मिले। पेड़ों का कटान रुकवा दिया गया है। आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दे दी गई है।- देवमणि मिश्रा, डीएफओ।