अमरोहा। तीन साल पहले अपहरण के बाद किशोरी से दुष्कर्म के मामले में न्यायालय ने दोषी दिवाकर को 12 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही अपहरण में सहयोग करने वाले दिवाकर के दोस्त शाकिब को सात साल की सजा सुनाई गई है। न्यायालय ने दोनों दोषियों पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। फिलहाल, दोनों जमानत पर बाहर थे, न्यायालय का फैसला आने के बाद दोनों को हिरासत में लेकर जेल भेज दिया गया है।
यह घटना आदमपुर थानाक्षेत्र के गांव में हुई थी। यहां पर किसान का परिवार रहता है। 13 जुलाई 2022 की रात किसान की 16 वर्षीय बेटी को दिवाकर अपने दोस्त शाकिब की मदद से अपहरण करके ले गया था। इस दौरान आरोपी किशोरी को ले जाते समय घर में रखे 1.60 लाख रुपये भी ले गए थे। काफी तलाश करने के बाद भी किशोरी का कोई पता नहीं चला। इस मामले में किसान की तहरीर पर दिवाकर और उसके दोस्त शाकिब के खिलाफ अपहरण व पॉक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। बाद में पुलिस ने किशोरी को बरामद कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था।
इस मामले में किशोरी के बयानों के आधार पर दिवाकर के खिलाफ दुष्कर्म की धाराओं की बढ़ोतरी की गई थी। बाद में पुलिस ने दिवाकर और शाकिब के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था। इस मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश विशेष पॉक्सो एक्ट प्रथम की अदालत में चल रही थी। फिलहाल, दोनों दोषी जमानत पर जेल से बाहर थे।
मंगलवार को न्यायालय ने मामले की आखिरी सुनवाई की और साक्ष्यों व सबूतों के आधार पर दिवाकर और उसके दोस्त शाकिब को दोषी करार दिया। साथ ही दिवाकर को अपहरण, दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट में 12 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई और 35 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। जबकि शाकिब को अपहरण में सहयोग करने के मामले में सात साल के कठोर कारावास की सजा और 15 हजार का जुर्माना लगाया है।