अमरोहा। चेक बाउंस के मामले में न्यायालय ने दोषी को छह माह की सजा सुनाई है। साथ ही 6:50 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
अमरोहा नगर के मोहल्ला मंडी चौक में रहने वाले प्रबोध कुमार सराफ है। बाजार जट में उनकी बाबा ज्वेलर्स के नाम से दुकान है। नौगांवा सादात थानाक्षेत्र के मखदूमपुर गांव के रहने वाले अमित कुमार का उनकी दुकान पर आना-जाना था। जरूरत के आधार पर अमित कुमार दुकान से सोने चांदी के आभूषण खरीदते रहते थे। जिसके चलते सराफ प्रबोध कुमार की अमित कुमार से अच्छी जान पहचान हो गई। जिसका फायदा उठाकर अमित कुमार ने 26 नवंबर 2021 को 4,97,600 के सोने-चांदी के आभूषण पसंद कर लिया। जबकि 15 हजार रुपये एडवांस के तौर पर जमा कर दिए थे। दुकान से ये कह कर चले गए कि मैं सामान लेने आऊंगा और नकद रुपये या चेक से भुगतान करके सामान ले जाऊंगा। अच्छी जान पहचान होने के कारण प्रबोध कुमार ने सोने-चांदी के आभूषण पैकिंग करके रख दिए। आरोप है कि 2 दिसंबर 2021 की दोपहर अमित कुमार दुकान पर आए और चेक देकर सोने-चांदी के आभूषण ले गए।
इसके बाद सराफ प्रमोद कुमार ने चेक को भारतीय स्टेट बैंक शाखा अमरोहा में लगा दिया। जिसे बैंक मैनेजर ने वापस कर दिया। पीड़ित सराफ प्रबोध कुमार ने यह बात अमित कुमार को बताई तो उन्होंने चेक को दोबारा जमा करने की बात कही। लिहाजा, सराफ प्रबोध कुमार ने अमित कुमार की बातों पर विश्वास करके दोबारा से चेक को अपने खाते में जमा कर दिया। लेकिन 15 दिसंबर 2021 को बैंक मैनेजर ने चेक को बाउंस करके वापस कर दिया। क्योंकि आरोपी अमित कुमार के खाते में धनराशि नहीं थी। पीड़ित सराफ ने मामले की शिकायत आरोपी अमित कुमार से की तो उन्होंने अनसुना कर दिया। सराफ ने अमित कुमार को रजिस्टर्ड नोटिस भेज कर अपने 4,86,600 रुपये मांगे। लेकिन अमित कुमार ने नोटिस का कोई जवाब नहीं दिया और न रुपये दिए। लिहाजा सराफ प्रबोध कुमार ने न्यायालय की शरण ली।
इस मुकदमे की सुनवाई अपर सिविल जज प्रथम अभिषेक कुमार व्यास की अदालत में चल रही थी। सराफ के अधिवक्ता मतलूब सुबहानी ने बताया कि साक्ष्यों और सबूतों के आधार पर आरोपी अमित कुमार को दोषी करार दिया और छह महीने की सजा सुनाई। इसके अलावा 6:50 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।