उधर, पुलिस ने आरोपी सिपाही देवेंद्र को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। पुलिस घर से भागे अन्य ससुराल वालों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है। पुलिस ने सिपाही के खिलाफ एफआईआर और गिरफ्तारी के संबंध में रिपोर्ट बनाकर डीआईजी व एडीजी ऑफिस भेजी है।
गजरौला थानाक्षेत्र के भानपुर खालसा निवासी वचन सिंह ने बेटी पारुल की शादी 2013 में नारंगपुर गांव निवासी देवेंद्र के साथ की थी। देवेंद्र यूपी पुलिस में कांस्टेबल है। वर्तमान में उसकी पोस्टिंग बेरली परिक्षेत्र में है। पारुल स्वास्थ्य विभाग में जीएनएम (जनरल नर्सिंग और मिडवाइफरी) के पद पर तैनात हैं और उनकी तैनाती ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्र इकौंदा में चल रही हैं। पारुल के भाई कपिल सिंह ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
इसमें कपिल ने बताया कि उसकी बहन पारुल के नाम पर एक प्लॉट है जिसे लेकर उसके ससुराल वाले डेढ़ साल से परेशान कर रहे हैं। आरोप है कि एक साल पहले भी ससुरालवालों ने पारुल के साथ मारपीट की थी। इस दौरान पारुल ने जोया पुलिस चौकी में शिकायत की तो पुलिस और समाज के लोगों ने फैसला कर दिया था। बावजूद इसके ससुराल वाले प्लॉट को लेकर लगातार परेशान कर रहे हैं और पारुल के साथ मारपीट की जाती रही।
आरोप, एटीएम से सैलरी निकाल लेता है पति
आरोप है कि सिपाही पति व ससुराल वाले उसके एटीएम कार्ड से सैलरी भी निकाल लेते हैं। सिपाही देवेंद्र शराब पीने का आदी है। शराब पीकर देवेंद्र व उसके परिवार के लोग पारुल को शारीरिक और मानसिक रूप प्रताड़ित करते हैं। आरोप है कि 26 अगस्त को ससुराल वालों ने पारुल के साथ मारपीट करके जान से मारने की नीयत से आग लगा दी जिससे वह झुलस गई। पड़ोसियों की सूचना पर मायके वाले पहुंचे तो उससे पहले ससुराल वाले वहां से भाग गए थे। 80 प्रतिशत झुलसी पारुल अचेत अवस्था में घर के आंगन में पड़ी हुई थी। मायके वालों ने उसे मुरादाबाद के निजी अस्पताल में भर्ती कराया जहां से उसे दिल्ली रेफर कर दिया। पुलिस ने पारुल के भाई कपिल की तहरीर पर पति देवेंद्र, सोनू, गजेंद्र, अनीता, जितेंद्र और संतोष के खिलाफ हत्या की कोशिश करने व अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था।
अस्पताल में ही पुलिस और न्यायिक अधिकारी के द्वारा पीड़िता के बयान दर्ज किए जा चुके हैं। आरोपी सिपाही पति को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। -अमित कुमार आनंद, एसपी अमरोहा