अमरोहा/रजबपुर। जमीन के मुआवजे की मांग को लेकर कूबी में किसानों के आंदोलन की धार लगातार पैनी होती जा रही है। त्योहारी मौके पर भी किसानों और महिलाओं ने आंदोलन की धार को कुंद नहीं होने दिया। दिवाली मनाने के बाद सोमवार को गोवर्धन पूजा भी धरनास्थल पर की गई।
साल 2011 में जिले में मध्य गंगा नहर के लिए भूमि का अधिग्रहण किया गया था। जिसमें कूबी, रामपुर घना, मोहनपुर और घंसूरपुर में भी भूमि का अधिग्रहण किया गया था। वर्तमान सर्किल रेट से चार गुना मुआवजे की मांग को लेकर इन गांवों के किसान फरवरी माह से आंदोलन कर रहे हैं। वहीं पिछले एक माह से महिलाओं ने धरना स्थल पर भूख हड़ताल शुरू कर दी थी। इसी बीच प्रशासन ने जबरन नहर खोदाई का कार्य शुरू कराया तो ग्रामीणों ने जमकर विरोध किया था। ग्रामीण जेसीबी के आगे लेट गए थे और खुद पर डीजल उड़ेलकर आत्मदाह का प्रयास किया गया। जिसके बाद प्रशासन को पीछे हटना पड़ा।
उधर, कूबी में धरना स्थल पर महिलाओं का आंदोलन तो जारी है ही। वहीं त्योहार और पूजन भी मौके पर किया जा रहा है। नवरात्र, दशहरा और करवा चौथ पूजन के बाद महिलाओं ने ग्रामीणों ने संग धरनास्थल पर दीये जलाकर दिवाली का त्योहार मनाया। उन्होंने आतिशबाजी भी छोड़ी। रविवार को दिवाली पूजन के बाद सोमवार को महिलाओं ने गोवर्धन पूजा की। उन्होंने धरना स्थल पर ही गोवर्धन के लिए पूरी तैयारी की और दीये सजाते हुए और पूजा अर्चना की गई। महिलाओं का कहना है कि त्योहार तो हर वर्ष आते रहते हैं। उनकी पूजा भी समय पर की जा रही है, लेकिन मुआवजा नहीं मिला तो वह सड़क पर आ जाएंगे। इसलिए उनका आंदोलन तब तक चलेगा जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती है। इस अवसर पर कौशल, मोनिका, मंजू, राजेंद्री, जितेंद्र, नितेश कुमार, रवि सिंह, सतवीर सिंह, मुनिदेव आदि मौजूद रहे।