अमरोहा। शहर के परिषदीय स्कूलों के जर्जर बिल्डिंग के हालात सुधरने की उम्मीद जगी है। माना जा रहा है कि ऑपरेशन कायाकल्प के तहत अब काम हो सकेगा। अमर उजाला ने जर्जर बिल्डिंग के मामले को प्रमुखता से उठाया है। इसके बाद प्रशासनिक तंत्र में हड़कंप मच गया। एडीएम वित्त और राजस्व ने अधिशासी अधिकारियों से कार्ययोजना तलब की है। कहा है कि नगर पालिका परिषद/नगर पंचायतों को नगरीय क्षेत्र के परिषदीय स्कूलों में ऑपरेशन कायाकल्प के तहत काम कराना है।
नगर विकास विभाग के प्रमुख सचिव ने एक जुलाई को नगरीय क्षेत्रों के परिषदीय स्कूलों के लिए ऑपरेशन कायाकल्प के तहत काम कराने का निर्देश दिया था। उन्होंने अधिशासी अधिकारियों को कार्ययोजना तैयार करने को कहा, लेकिन साढ़े चार महीने के बाद भी शहर की सरकारें गंभीर नहीं हैं। इसके लिए कोई पहल नहीं कर सकी है। मालूम हो कि शहर में बेसिक शिक्षा परिषद के कुल 47 स्कूल हैं जिसमें 43 प्राइमरी और चार जूनियर हाईस्कूल स्तर के हैं। इनमें 21 परिषदीय स्कूलों की बिल्डिंग जर्जर हो चुकी हैं, जिसमें बेसिक शिक्षा परिषद के स्वामित्व के दो स्कूल भी शामिल हैं जिनमें चौक और अहमद नगर का स्कूल हैं। अमर उजाला ने 18 नवंबर को मामले को प्रमुखता से उठाया। इसके बाद प्रशासनिक तंत्र हरकत में आया। एडीएम वित्त और राजस्व विनय कुमार सिंह ने अधिशासी अधिकारियों से ऑपरेशन कायाकल्प लागू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि बिंदुवार रिपोर्ट के बारे में कार्ययोजना तैयार की जाए। इसे अविलंब प्रस्तुत करें। शिथिलता को अक्षम्य करार दिया है।