गजरौला(अमरोहा)। मुरादाबाद में वकील पति की शिकायत लेकर पहुंची गर्भवती पत्नी ने थाने में प्रार्थना पत्र देकर उस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कार्रवाई की गुहार लगाई थी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने के बजाय परिवार को टूटने से बचाने के लिए पहले दोनों पक्षों को बुलाकर वार्ता करना उचित समझा। पुलिस की यह कोशिश रंग लाई और आरोपों-प्रत्यारोपों को दरकिनार कर दंपती समझौते को तैयार हो गया।
मंगलवार को थाने में एसएसआई प्रमोद कुमार पाठक ने बताया कि नगर के मोहल्ला शिवपुरी निवासी एक युवती का विवाह लगभग चार वर्ष पूर्व मुरादाबाद की हिमगिरि कालोनी निवासी एक वकील से हुआ था। युवती भी एमटेक किए हुए है। दंपती के एक संतान हुई। इसके बाद ससुराल में कोई अनबन होने के कारण गर्भवती युवती लगभग आठ माह से यहां मायके में थी। उसने थाने में अपने ससुराल वालों के खिलाफ प्रार्थना पत्र दिया हुआ था। इसमें उन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की गई थी।
एसएसआई ने बताया कि परिवार को टूटने से बचाने के लिए उन्होंने दोनों पक्षों को थाने बुला लिया। यहां कई घंटे तक दोनों को समझाया। उनकी गलतफहमी दूर कीं। इस दौरान दोनों ने एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप भी लगाए। इस दौरान मनमुटाव खत्म हो गया। बाद में दोनों पक्ष लिखित में समझौता होना देकर यहां से चले गए।