नगर में अतिक्रमण का खामियाजा राहगीरों को भुगतना पड़ रहा है। मंगलवार को इसके चलते गजरौला-चांदपुर मार्ग पर जाम लग गया। करीब 10 घंटे तक वाहन जाम में फंसे रहे। दोपहर बाद लगा जाम रात करीब आठ बजे तक जारी रहा। जिससे वाहन चालकों के साथ-साथ स्थानीय लोगों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं, जाम खुलवाने के लिए पुलिस मशक्कत करनी रही।
मंगलवार को नगर में साप्ताहिक बाजार लगता है। फड़ और ठेले वाले सड़क किनारे खड़े हो जाते हैं। दुकानदारों ने भी अपना सामान सड़क पर रखा हुआ है। गन्ने और सहालग का सीजन होने के कारण भी नगर में रहती है। मंगलवार दोपहर करीब एक बजे बाईपास (गजरौला-चांदपुर) मार्ग पर वाहनों के पहिए थमने शुरू हुए तो रात तक थमे रहे। तहसील से लेकर महादेव चुंगी तक जाम लगा गया था। सड़क पर दोनों ओर वाहनों की लाइनें लग गईं।
महादेव चुंगी से तहसील कार्यालय की आधा किलोमीटर की दूरी एक घंटे से अधिक समय में पूरी हो रही थी। स्कूली वाहन और बरात में जाने वाले लोग जाम में फंसे रहे। जाट आरक्षण संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष अरविंद कुमार व सामाजिक कार्यकर्ता पुष्पेंद्र सिंह ने बाईपास मार्ग पर जाम नहीं लगने की समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग प्रशासन से की है।