अमरोहा। किसान समस्याओं को लेकर भाकियू शंकर के पदाधिकारियों ने कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। धरना देकर नारेबाजी की। चकबंदी में भ्रष्टाचार बताते हुए अधिकारियों पर किसानों का शोषण करने का आराेप लगाया। जल्दी ही समस्याओं का समाधान नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
शनिवार को संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिवाकर सिंह के नेतृत्व में कड़ी संख्या में किसान कलक्ट्रेट पहुंचे। विक्रम पवार की अध्यक्षता में कलक्ट्रेट परिसर में धरना दिया। किसानों को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि जिले के गांव ढक्का में चल रही चकबंदी प्रक्रिया को लेकर किसानों में भारी रोष व्याप्त है। किसानों ने लेखपाल पर कुछ लोगों से मिलीभगत कर उनके चकों को चकबंदी से बाहर करने और बिना मौके पर आबादी या बाग होने के बावजूद उन्हें आबादी दर्शाने का भी आरोप लगाया है।
जिलाध्यक्ष चौधरी नेमपाल सिंह ने कहा कि कई स्थानों पर मौके पर मौजूद मकान व आबादी को सामान्य भूमि दिखा दिया गया है। ग्राम ढक्का में लगभग 70 से 80 प्रतिशत किसान चकबंदी का विरोध कर रहे हैं।
इस दौरान अमित कुमार, सोमवीर सिंह, नरेश खारी, मोजराम पाल, अख्तव, राकेश सिंह, चौधरी सतवीर सिंह, जितेंद्र सिंह, मोनू चौधरी, रविंदर सिंह मास्टर सत्येंद्र सिंह, राजवीर सिंह, जगत सिंह चौहान, अशोक चौधरी मौजूद रहे।
किसानों के साथ किया जा रहा दुर्व्यवहार
चौधरी दिवाकर सिंह ने कहा कि एक वर्ष बीत जाने के बाद भी पांच लाख किसान क्रेडिट कार्ड वाले किसानों के साथ दुर्व्यवहार और उत्पीड़न किया जा रहा है। जिससे संगठन बर्दाश्त नहीं करेगा। कहा कि शीत लहर चलने के बाद भी चीनी मिलों में रात को किसानों को अलाव और चाय की सुविधा नहीं हो रही है। ऊपर से किसानों के साथ घटतौली की जा रही है।