अमरोहा। दिल्ली कार बम धमाके के बाद लखनऊ एटीएस की जांच अमरोहा तक पहुंच गई है। एक तरफ जहां प्रदेश भर में कश्मीरी और पश्चिम बंगाल के लोगों का सत्यापन चल रहा है तो वहीं एटीएस ने शनिवार को अमरोहा के शिक्षण संस्थान और फैक्टरी में नौकरी करने वाले लोगों से पूछताछ की। दिन भर चली सत्यापन प्रक्रिया के बाद देर शाम एटीएस की टीम वापस लौट गई। एक बार फिर एटीएस की अमरोहा में दस्तक के बाद लोगों में दहशत का माहौल है।
पांच दिन पहले एटीएस ने जिले में पहुंच कर शिक्षण संस्थानों में पढ़ने और फैक्टिरयों से कश्मीर व पश्चिमी बंगाल के छात्र-छात्राओं का ब्यौरा जुटाया। इसके बाद शनिवार को टीम फिर से अमरोहा पहुंची और स्थानीय खुफिया इकाइयों को साथ लेकर इन शिक्षण संस्थान व फैक्टिरयों में पहुंचीं। यहां दोनों राज्यों से जुड़े लोगों से पूछताछ की।
स्पष्ट किया कि कौन कश्मीर और बंगाल का रहने वाला है। कब से यहां रह रहे हैं, किस कक्षा में पढ़ रहे हैं समेत कई बिंदुओं पर बारी-बारी से पूछताछ की। सूत्रों की माने तो एटीएस की ये कार्रवाई केवल सत्यापन तक समिति थी, जोकि पूरी की जा रही है। पूछताछ करने के बाद देर शाम टीम वापस लौट गई है। मालूम रहे कि अमरोहा की एमडी की तैयारी करने वाली एक महिला डॉक्टर और झोलाछाप पशु चिकित्सक से भी एटीएस पूछताछ की जा चुकी है।
इस महिला डॉक्टर ने अल फलाह यूनिवर्सिटी फरीदाबाद से एमबीबीएस किया है। जबकि झोलाछाप पशु चिकित्सक कश्मीर का निवासी है। यह कुछ दिन पहले ही रहरा क्षेत्र में आकर रहने लगा है। हालांकि, दोनों से बम धमाके के आरोपियों से जुड़ा को क्लू नहीं मिला था। एसपी अमित कुमार आनंद ने एटीएस की कार्रवाई की जानकारी से इन्कार किया है।