पीठखेड़ा गांव का रहने वाला नितिन अपने साथी जीसू के साथ ओसामाफी से दावत खाने गया था। देर रात दोनों बाइक पर सवार होकर घर लौट रहे थे। जब वह पीठखेड़ा मार्ग पर पुलिया के मोड़ के निकट पहुंचा तभी तेंदुए ने उन पर हमला कर दिया।
रजबपुर में सोमवार की देर रात ओसा माफी गांव से दावत खाकर घर लौट रहे बाइक सवार युवकों पर तेंदुए ने झपट्टा मार दिया। इस दौरान दोनों बाल-बाल बचे। गांव पहुंचकर युवकों ने मामले की जानकारी ग्रामीणों को दी। इसके बाद तमाम ग्रामीण लाठी डंडे से लैस होकर मौके पर पहुंचे, लेकिन तेंदुआ गन्ने के खेत में छिप गया।
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रजबपुर थानाक्षेत्र के पीठखेड़ा गांव में रहने वाला नितिन अपने साथी जीसू के साथ पड़ोस के गांव ओसामाफी में दावत खाने गया था। सोमवार की रात करीब 9 बजे दोनों बाइक पर सवार होकर घर लौट रहे थे। जैसे ही उनकी बाइक पीठखेड़ा मार्ग पर पुलिया के मोड़ के निकट पहुंची।
तभी झाड़ियां में घात लगाए बैठे तेंदुए ने उन पर झपट्टा मार दिया। बाइक की गति तेज होने के कारण दोनों बाल बाल बच गए। दोनों युवकों ने बाइक रोककर पीछे देखा तो तेंदुआ खड़ा हुआ था। इसके बाद दोनों युवक बाइक की स्पीड बढ़कर गांव पहुंचे और ग्रामीणों को जंगल में तेंदुआ होने की जानकारी दी।
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इसके बाद तमाम ग्रामीण लाठी डंडों से लैस होकर उसी स्थान पर पहुंचे जहां युवकों पर हमला किया था। लेकिन ग्रामीणों का शोर सुनकर तेंदुआ गन्ने के खेत में छिप गया। इस दौरान ग्रामीणों ने काफी देर तक जंगल में तेंदुआ की तलाश किया। लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला।
इससे पहले पीठखेड़ा गांव के जंगल में कई बार देखा जा चुका है। लगातार तेंदुए के देखे जाने के कारण ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। वहीं ग्रामीणों ने वन विभाग के अधिकारियों से पिंजरा लगाकर तेंदुआ को पकड़वाने की मांग की है।