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Amroha News: टीम को 31 किसानों ने दिया शपथपत्र, कहा- चकबंदी टीम को 13.75 लाख की रिश्वत दी

Mon, 27 Oct 2025 02:37 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
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हसनपुर। क्षेत्र के जेबड़ा एतमाली गांव में चकबंदी के नाम पर किसानों के साथ की गई वसूली की शिकायत का मामला शासन स्तर तक गूंज रहा है। शिकायत मिलने पर लखनऊ से शुक्रवार को गांव पहुंची जांच टीम के सामने 31 किसानों ने चकबंदी अधिकारियों को रुपये देने का आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया है कि 31 किसानों ने 13.75 लाख की वसूली की गई है। जांच के बाद टीम लखनऊ को वापस लौट चुकी है। हालांकि, रविवार को भी गांव में किसानों ने जांच टीम के पहुंचने का इंतजार करते रहे।
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ग्राम पंचायत जेबड़ा एतमाली में करीब 2200 बीघा भूमि का रकबा है। गांव के कई किसानों से चकबंदी के नाम पर की गई वसूली का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। इसी गांव के रहने वाले उत्तर प्रदेश पिछड़ा वर्ग आयोग के पूर्व सदस्य चंद्रपाल खड़गवंशी ने 30 सितंबर को लखनऊ में चकबंदी आयुक्त को शिकायतीपत्र देकर मामले की जांच कराने की मांग की थी। चकबंदी आयुक्त के निर्देश पर शुक्रवार को पांच सदस्यीय टीम गांव पहुंची थी।

टीम ने 31 किसानों के बयान दर्ज किए गए थे। ग्रामीणों ने जांच टीम को बताया कि बताया कि गांव में चकबंदी प्रक्रिया दो साल पहले शुरू हुई थी। किसानों ने अपनी भूमि पूरी कराने और अच्छे चक के लालच में किसानों ने लेखपाल व अन्य अधिकारियों को पैसे देने का आरोप लगाया। लेकिन नक्शा 23 में मूलजोत पर चक नहीं होने, एक-एक किसान के चार-चार चक बनाने, अनेक किसानों की भूमि की कीमत नहीं लगाकर उन्हें चकबंदी से बाहर करने जैसी समस्याएं सामने आने पर किसानों ने इसकी शिकायत की।
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रकम वापस दिलाने की मांग भी उठी

वीर सिंह, कल्याण सिंह, प्रेमपाल सिंह आदि किसानों का कहना है कि लखनऊ से आई टीम के सामने 31 किसानों ने शपथ पत्र देकर वसूली के आरोप लगाए हैं। साथ ही दी हुई रकम को वापस कराने की भी मांग की है। एक माह पूर्व चकबंदी लेखपाल उत्तम बालियान को इसी गांव के किसान से रिश्वत के आरोप में एंटी करप्शन की टीम ने पकड़ा था। एसडीएम पुष्कर नाथ चौधरी ने बताया कि लखनऊ से आई टीम ने गांव पहुंचकर जांच की। टीम वापस लखनऊ को लौट गई है। इस मामले में शासन स्तर से ही कोई कार्रवाई हो सकती है।
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