गजरौला। गंगा पर बने रेलवे पुल की सुरक्षा के लिए 2.30 करोड़ रुपये से बंक (ठोकर) का निर्माण कराया जाएगा। रेलवे द्वारा इसका निर्माण कार्य शुरू करा दिया गया है।
गंगा में आने वाली बाढ़ और कटान से बचाव के लिए बनी ठोकर (बंक) पुरानी होने के कारण क्षतिग्रस्त हो गई है। गंगा नदी पर रेलवे का काफी पुराना पुल बना है। राष्ट्रीय राजमार्ग-9 के निकट से गुजर रहे दिल्ली को लखनऊ रेलमार्ग से जोड़ने वाला यह रेलवे पुल बेहद अहम है। इस पुल के बिना दिल्ली और लखनऊ के बीच ट्रेनों का संचालन ठप हो जाएगा। पुल गंगा पर बना है।
गंगा में हर साल भीषण बाढ़ आती है। साथ ही गंगा की जलधारा कटान करती है। पुल और रेलवे लाइन को कटान और बाढ़ से बचाने के लिए कई दशक पूर्व गंगा किनारे बंक बनाई गई। जिसकी लंबाई 1200 मीटर है। अब यह पुरानी हो जाने के कारण जगह-जगह से क्षतिग्रस्त हो गई है। गंगा में बाढ़ आने पर पुल व रेलवे लाइन को खतरा हो सकता है।
इसी आशंका के चलते पुल की सुरक्षा के लिए रेलवे ने अभी से तैयारी शुरू कर दी गई है। गंगा के किनारे 1200 मीटर लंबी ठोकर बनाई जा रही है। इसकी कहीं पर चौड़ाई 30 मीटर रहेगी तो कहीं पर 19 मीटर। चोटी की चौड़ाई नौ मीटर बनाई जाएगी। सीनियर सेक्शन इंजीनियर (कार्य) नवीन पाल ने बताया कि गंगा पर बने रेलवे पुल और रेलवे लाइन की बाढ़ व कटान से सुरक्षा के लिए ठोकर बनाई जाएगी। संवाद