अमरोहा। गांव मल्हुपुरा में रविवार की सुबह खेत पर पशुओं के लिए चारा काटने गए ग्रामीण पर तेंदुए ने झपट्टा मारा, लेकिन ग्रामीण के अचानक पीछे हटने व शोर मचाने पर तेंदुआ गन्ने के खेत में घुस गया। ग्रामीण के शोर मचाने पर ग्रामीण लाठी डंडे लेकर खेत पर पहुंच गए। दो घंटे घेराबंदी के बाद तेंदुआ हाथ नहीं आया। ग्रामीणों ने वन विभाग को सूचना कर दी है। तेंदुआ की मौजूदगी का पता चलने पर ग्रामीणों में भय है।
रविवार की सुबह गांव निवासी पूर्व फौजी सुभाष सिंह खेत पर पशुओं के लिए चारा काटने गए थे। अचानक गन्ने के खेत से निकले एक तेंदुए ने उन पर झपट्टा मारा। तेंदुए का पूरा पंजा ग्रामीण पर नहीं पड़ा। ग्रामीण के शोर मचाने व भाग कर ट्राली के नीचे दुबकने पर तेंदुआ गन्ने के खेत में ही घुस गया। तेंदुआ की मौजूदगी की जानकारी होने पर ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर खेत पर पहुंच गए, लेकिन किसी भी ग्रामीण की हिम्मत खेत के भीतर घुसने की नहीं हुई। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग की टीम गांव पहुंची। तेंदुए की तलाश की, लेकिन उसका पता नहीं लगा। वन क्षेत्राधिकारी करन सिंह ने बताया कि मौके से तेंदुए के पैरों के निशान नहीं मिले। उन्होंने किसी अन्य जंगली जानवर के होने की आशंका जताई है, फिर भी ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है।