200.75 गेज मीटर के पार पहुंची गंगा, बांढ अफसरों ने बढ़ाई चौकसी
गुरुवार को तड़के हरिद्वार व बिजनौर बैराज से छोड़ा गया 2.42 लाख क्यूसेक पानी
अमर उजाला ब्यूरो
गजरौला।
पहाड़ों पर हो रही बरसात और हरिद्वार व बिजनौर डैम से गंगा में लगातार छोड़े जा रहे पानी से मैदानी इलाकों में गंगा खतरे के निशान की ओर तेजी से बढ़ रही है। गुरुवार को जलस्तर बढ़कर 200.75 गेज मीटर के पार पहुंच गया। इसकी जानकारी मिलते ही गंगा किनारे बसे किसानों के होश उड़ गए। खादर क्षेत्र में बाढ़ का खतरा मंडराना शुरू हो गया है। कुछ गांव के जंगलों और खेतों में गंगा का पानी भी घुस गया है। रास्तों पर पानी भर जाने से लोगों का निकलना मुश्किल हो गया है। पिछले 13 दिनों में गंगा में 10.91 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा जा चुका है। गुरुवार को अबतक का सबसे अधिक 2.42 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इस पानी की मात्रा से अधिकारियों के भी होश उड़ गए हैं। अंदेशा जताया जा रहा है कि यह पानी शुक्रवार को गंगा का जलस्तर एक गेज मीटर तब बढ़ा सकता है। बुधवार को छोड़ा गया 1.34 लाख क्यूसेक पानी गुरुवार की सुबह जब तिगरी-ब्रजघाट पहुंचा तो जलस्तर में 0.25 से 0.30 गेज मीटर का इजाफा दर्ज किया गया। प्रशासनिक अधिकारियों ने गंगाघाट पर पहुंचकर जलस्तर का जायजा लिया। साथ ही गांव वालों को हर समय चौकन्ना रहने को कहा है।
पिछले तीन दिनों से हरिद्वार-बिजनौर से पानी भारी मात्रा में डिस्चार्ज किया जा रहा है। इससे गंगा का जलस्तर खतरे के निशान की ओर बढ़ता जा रहा है। इससे खादर क्षेत्र के किसानों में बाढ़ को लेकर बनी दहशत और बढ़ गई है। बुधवार को जलस्तर 55 सेमी बढ़ने की सूचना से किसानों की बैचेनी और बढ़ गई थी। लेकिन जब किसानों को मालूम हुआ कि गुरुवार को हरिद्वार व बिजनौर बैराज से अब तक सबसे अधिक 2.42 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। तो किसान बैचेन हो गए हैं। बाढ़ को लेकर पहले से व्याप्त दहशत और बढ़ गई है। बुधवार को ब्रजघाट में 200.50 व तिगरी में 200.40 गेज मीटर जलस्तर दर्ज किया गया था, जबकि गुरुवार को ब्रजघाट में 200.85 व तिगरी में 200.75 गेज मीटर दर्ज किया गया। अब गंगा ब्रजघाट में अपने खतरे के निशान 201.9 और तिगरी में 202.5 गेज मीटर से ज्यादा नीचे नहीं बची है। प्रशासन द्वारा बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए लगातार तटबंधन का कार्य कराया जा रहा है। बाढ़ खंड के एसडीओ अजय जैन व जेई प्रदीप कुमार ने जलस्तर का मुआयना करते हुए चौकसी बढ़ा दी है। तिगरी बाढ़ खंड एसडीओ अजय जैन ने बताया कि गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। शुक्रवार को जो पानी छोड़ा गया है वो काफी अधिक है। शुक्रवार की रात बहुत महत्वपूर्ण है। सुबह पानी पहुंचने पर जलस्तर में अच्छा इजाफा हो सकता है। अंदाजा है गंगा अपना खतरे का निशान छू जाए।