गौरीगंज के 132 केवी विद्युत उपकेंद्र पर प्रदर्शन करते किसान। स्रोत : संगठन
अमेठी सिटी। अघोषित बिजली कटौती से नाराज महिला किसानों ने बृहस्पतिवार रात सरायभागमानी स्थित 132 केवी उपकेंद्र में प्रदर्शन किया। इस दौरान महिलाओं ने आपूर्ति वाला स्विच गिरा दिया, जिससे जिले की बिजली आपूर्ति करीब तीन घंटे तक बाधित रही। उमस भरी गर्मी में हजारों उपभोक्ताओं को परेशानी उठानी पड़ी। पुलिस और अधिकारियों के आश्वासन के बाद महिलाओं ने धरना समाप्त किया, जिसके बाद बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी।
बिजली अव्यवस्था से परेशान लोगों के साथ किसान नेता रीता सिंह उपकेंद्र पहुंचीं। उनका आरोप था कि कई दिनों से रात में घंटों अघोषित कटौती और दिन में लगातार ट्रिपिंग हो रही है। धान की रोपाई के बीच सिंचाई प्रभावित हो रही है, जबकि उमस के कारण छोटे बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ रही है। महिलाओं का आरोप था कि शिकायत करने पर ऊर्जा निगम के जिम्मेदार अधिकारी मोबाइल तक बंद कर लेते हैं।
बृहस्पतिवार शाम पहाड़पुर फीडर की आपूर्ति बाधित होने पर महिलाओं का आक्रोश बढ़ गया। प्रदर्शन के दौरान उपकेंद्र पर तैनात कर्मचारी वहां से हट गए। इसी दौरान महिलाओं ने आपूर्ति का स्विच गिरा दिया, जिससे पूरे जिले की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। सूचना पर इंस्पेक्टर गौरीगंज रवि सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और काफी देर तक महिलाओं से वार्ता की। अधिकारियों के आश्वासन और मानमनौव्वल के बाद महिलाएं धरना समाप्त कर उपकेंद्र से बाहर आईं। इसके बाद बिजली कर्मचारियों ने सभी फीडरों की आपूर्ति बहाल कर दी।
महिलाओं से अभद्रता का आरोप, कार्रवाई की मांग
अघोषित बिजली कटौती के विरोध में चल रहे धरने के दौरान महिलाओं से अभद्रता का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है। समिति की अध्यक्ष रीता सिंह का आरोप है कि 132 केवी उपकेंद्र पर तैनात कर्मचारी कर्मी धरने के दौरान महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी की।
प्रदर्शन के चलते 55 मिनट बाधित रही आपूर्ति
पावर ट्रांसमिशन के जेई पवन कुमार यादव ने बताया कि महिलाओं ने 132 केवी उपकेंद्र का घेराव करने के दौरान 55 मिनट तक जिले भर की आपूर्ति ठप करा दी थी। इसकी सूचना विभागीय अधिकारियों को देने के साथ ही महिलाओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के लिए पुलिस को तहरीर दी गई है। इंस्पेक्टर रवि सिंह ने बताया कि अभी तहरीर नहीं मिली है।