अमेठी सिटी। अप्रैल के अंतिम सप्ताह में ही भीषण गर्मी होने लगी है। शनिवार को अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। हर दिन तापमान में बढ़ोतरी से हालात और कठिन होते जा रहे हैं। 6.7 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से चली दक्षिण-पश्चिम गर्म हवा ने बाहर निकलने वालों को झुलसाया। सुबह 10 बजे के बाद ही बाजारों में आवाजाही कम हो गई और लोग घरों में रहने को मजबूर दिखे।
दोपहर 12:20 बजे गौरीगंज के हनुमान तिराहे के पास परिषदीय और राजकीय स्कूलों के बच्चे छुट्टी के बाद घर लौटते नजर आए। तपती धूप में चलते हुए बच्चे गर्मी से बेहाल दिखे। कई बच्चों के चेहरे लाल पड़ गए थे और प्यास से व्याकुल नजर आए। सिर पर बैग और कपड़ा रखकर बच्चे धूप से बचने की कोशिश करते दिखे।
दोपहर में चिलचिलाती धूप और लू के थपेड़ों का असर हर वर्ग पर दिखा। लोग सिर पर गमछा, टोपी और छाता लगाकर निकलते नजर आए। कूलर और पंखे भी राहत देने में नाकाम रहे। गौरीगंज, अमेठी और जगदीशपुर की बाजारों में सुबह नौ बजे के बाद चहल-पहल घट गई। शाम तक केवल जरूरी काम से लोग बाहर निकले। सार्वजनिक स्थानों पर भीड़ कम रही। ग्रामीण इलाकों में भी दोपहर के समय कामकाज प्रभावित रहा।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. अमरनाथ मिश्र ने बताया कि अगले 24 घंटे मौसम शुष्क रहेगा। तापमान सामान्य से तीन से चार डिग्री अधिक रहने और पश्चिमी दिशा से तेज गर्म हवा चलने की संभावना है। जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. शुभम पांडेय के अनुसार इमरजेंसी में डिहाइड्रेशन और डायरिया के मरीज बढ़े हैं। शनिवार को नौ मरीज डायरिया से पीड़ित मिले।
बचाव के उपाय
- दोपहर 12 से तीन बजे के बीच बाहर न निकलें।
- पर्याप्त पानी और ओआरएस का सेवन करें।
- ढका हुआ और ताजा भोजन लें।
- नींबू पानी, बेल का शरबत, नारियल पानी पिएं।
- धूप में निकलते समय सिर और शरीर ढकें।
- बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें।
बिजली कटौती से बढ़ी परेशानी
गर्मी के बीच बिजली कटौती ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली कटौती अधिक रही। गौरीगंज के टिकरिया फीडर पर रात 10 से 12 बजे तक आपूर्ति बाधित रही, जिससे बाबूपुर, अर्जुनपुर और अन्नीबैजल समेत कई गांव प्रभावित हुए। इसके अलावा हर दो से तीन घंटे के बीच 10 से 20 मिनट की कटौती जारी रही। बिजली न मिलने से भीषण गर्मी में लोग परेशान रहे।