बाबूगंज में सावन माह के लिए सजाया गया सगरा धाम। -मंदिर प्रबंधन
अमेठी सिटी। महादेव के दर्शन-पूजन का माह सावन आज से शुरू हो रहा है। शिवालयों और देवालयों को सजाया जा रहा है। गौरीगंज के बाबूगंज स्थित सगरा आश्रम सावन में विशेष धार्मिक आयोजन का केंद्र बना रहेगा। आश्रम परिसर को सात करोड़ 51 लाख रुद्राक्षों से सजाया गया है। इन रुद्राक्षों से 12 ज्योतिर्लिंगों की स्थापना की गई है। साथ ही 2.25 करोड़ रुद्राक्ष और 11 हजार त्रिशूलों से आश्रम के मुख्य द्वार और प्रवेश मार्ग का शृंगार किया गया है, जो श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।
पीठाधीश्वर मौनी स्वामी ने बताया कि आश्रम में रंग-बिरंगे त्रिशूलों का विशेष महत्व है। काला त्रिशूल आतंकवाद नाश, सफेद त्रिशूल ज्ञान और विद्या में वृद्धि, पीला त्रिशूल महामारी से सुरक्षा और लाल त्रिशूल अर्थव्यवस्था को मजबूती देने का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि शुक्रवार से नौ अगस्त तक शिव पंचाक्षरी मंत्र ॐ नमः शिवाय का अनवरत जाप किया जाएगा।
चार अगस्त को 12.51 करोड़ मंत्रों के सामूहिक जाप के उपरांत श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया जाएगा। इस आयोजन में देशभर से साधु-संतों और श्रद्धालुओं के जुटने की संभावना है। श्रद्धालु आश्रम के रुद्राक्ष द्वारों, रुद्राक्ष शिवलिंगों और त्रिशूल मंडपों को देखकर आस्था और भक्ति में सराबोर हो जाते हैं। आयोजकों ने बताया कि संपूर्ण सावन की विशेष शिव आराधना, रुद्राभिषेक और रात्रि सत्संग के कार्यक्रम संचालित होंगे।
कल्पवृक्ष है सनातन धर्म
सगरा आश्रम में गुरु पूर्णिमा पर पीठाधीश्वर मौनी महाराज ने कहा कि गुरु ब्रह्मा, गुरु विष्णु, गुरु देवो महेश्वर मंत्र केवल वंदना नहीं, बल्कि श्रद्धा, ज्ञान और मोक्ष का मार्ग है। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म कल्पवृक्ष है और गुरु की आराधना से साधक सभी कामनाओं की पूर्ति करता है। गुरु पूर्णिमा पर भव्य भंडारे और 12 करोड़ 51 लाख महामंत्रों के जाप के साथ श्रावण मास की महायात्रा शुरू हुई, जो नौ अगस्त तक चलेगी।