सुल्तानपुर। अमेठी के चर्चित गुंगवाछ कांड में बृहस्पतिवार को अभियोजन पक्ष की गवाही शुरू हो गई। एक ही परिवार के चार लोगों की हुई हत्या का मुकदमा दर्ज कराने वाले वादी मुकदमा का मुख्य बयान दर्ज किया गया। मुख्य बयान पूरा नहीं होने पर एडीजे चतुर्थ जलाल मोहम्मद अकबर ने अगली सुनवाई के लिए 29 अप्रैल की तिथि नियत कर दी है। अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता रवि शुक्ल के मुताबिक अमेठी कोतवाली के ग्राम पूरे राजापुर मौजा गुंगवाछ निवासी पूर्व ग्राम संकठा यादव, उनके पुत्र हनुमान उर्फ बजरंगी, अमरेश यादव और पत्नी नइका उर्फ पार्वती देवी की 15 मार्च 2022 को जमीन के विवाद में हत्या कर दी गई थी। मृतक पूर्व ग्राम प्रधान के पुत्र अमरजीत यादव ने गांव के ही रामदुलारे यादव, अखिलेश, बृजेश यादव व छोटू उर्फ अभिषेक यादव के साथ ही मौजूदा ग्राम प्रधान आशा तिवारी, उनके पुत्र नितिन व पति रामशंकर तिवारी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था।
बृहस्पतिवार को गुंगवाछ कांड के वादी मुकदमा अमरजीत यादव गवाही देने के लिए कोर्ट में पेश हुए। कोर्ट ने वादी का मुख्य बयान दर्ज किया। मुख्य बयान पूरा नहीं होने पर कोर्ट ने अगली सुनवाई के लिए 29 अप्रैल की तिथि नियत कर दी है।
इनसेट
लाठी, डंडा, सरिया व कुल्हाड़ी से किया था हमला
अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता रवि शुक्ल ने बताया कि वादी मुकदमा अमरजीत यादव ने कोर्ट में गवाही दी है कि घटना के दिन उसके बड़े भाई हनुमान प्रसाद उर्फ बजरंगी अपने ट्रैक्टर ट्राली से मोरंग गिरा रहे थे। उसी समय आरोपी रामदुलारे यादव, अखिलेश यादव, बृजेश यादव व छोटू उर्फ अभिषेक यादव और आरोपियों की सहयोगी ग्राम प्रधान आशा तिवारी, उनके पुत्र नितिन व पति रामशंकर तिवारी योजना के तहत जान से मारने के लिए लाठी, डंडा, सरिया व कुल्हाड़ी से हमला कर दिया था।
आरोपियों ने वादी के पिता संकठा यादव, भाई हनुमान उर्फ बजरंगी व अमरेश यादव और मां नइका उर्फ पार्वती देवी को मारकर घायल कर दिया था। अमेठी पीएचसी में संकठा यादव, अमरेश व हनुमान उर्फ बजरंगी व अमरेश यादव को मृत घोषित कर दिया गया था, जबकि नइका उर्फ पार्वती देवी की संजय गांधी अस्पताल में मौत हो गई थी।