जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीज का इलाज करते डॉक्टर। -संवाद
अमेठी सिटी। दिन में धूप और रात में ठंड ने त्वचा रोगियों की परेशानी बढ़ा दी है। सफाई में लापरवाही और संक्रमण के कारण एक्जिमा, खुजली, दाद आदि के मरीज बढ़े हैं। निजी चिकित्सकों के पास भी ऐसे मरीज पहुंच रहे हैं। इस समय जिला अस्पताल की ओपीडी में 150 से अधिक त्वचा रोगी आ रहे हैं।
एक पखवाड़े से दिन में गर्मी और रात में हल्की ठंड पड़ रही है। तापमान में उतार-चढ़ाव के चलते लोग बीमार हो रहे हैं। इसमें वायरल बुखार के मरीज अधिक संख्या में अस्पताल पहुंच रहे। साथ ही बारिश के बाद से ही त्वचा रोग से पीड़ित मरीज बढ़े हैं। मरीजों को लाल दाने से लेकर पूरे शरीर में एलर्जी की शिकायत हो रही है। जिला अस्पताल में बृहस्पतिवार को अवकाश के बाद भी दोपहर 12 बजे तक ओपीडी चली।
त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. एमके त्रिपाठी ने बताया कि मौसम में बदलाव के साथ त्वचा के रोगियों की संख्या में इजाफा हुआ है। प्रतिदिन त्वचा रोग के 120 से 150 मरीज आ रहे हैं। इन दिनों एक्जिमा, खुजली और दाद के मरीज ज्यादा हैं। ठंड के मौसम में कोशिकाओं में नमी कम हो जाती है, जिससे त्वचा सूखने लगती है और फटने की शिकायत शुरू हो जाती है। अधिक लापरवाही से त्वचा की ऊपरी के साथ निचली सतह भी प्रभावित होकर धीरे-धीरे सूखने लगती है। ऐसे में त्वचा की परत बाहर निकलने लगती है।
बाद में वातावरण में मौजूद जीवाणुओं व गंदगी से त्वचा में संक्रमण के कारण फुंसी-फोड़ा, एक्जिमा और खुजली आदि चर्म रोग हो जाते हैं।
इस मौसम में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। सीएमएस डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल ने बताया कि अब त्वचा के रोगी कुछ बढ़ गए हैं। अस्पताल आने वाले मरीजों को उपलब्ध संसाधनों से बेहतर उपचार दिए जाने का प्रयास किया जा रहा है।