अमेठी सिटी। खरीफ सीजन में बरसात के बाद धान फसल की ट्रास ड्रेसिंग के लिए इन दिनों यूरिया की डिमांड बढ़ गई। किसानों को निर्धारित रेट पर उर्वरक मिल सके और विक्रेताओं की मनमानी पर अंकुश लगाया जा सके, इसके लिए बुधवार को संयुक्त टीम ने खाद की दुकान व गोदामों की जांच की।
जांच के दौरान उर्वरक विक्रेताओं की दुकानों व गोदामों पर रेट बोर्ड, उर्वरक प्राधिकार पत्र, स्टॉक और बिक्री रजिस्टर, कैश मेमो, पीओएस मशीन से उर्वरकों की बिक्री की जांच की गई। उर्वरक विक्रेताओं को निर्देशित किया गया कि सभी किसानों को खतौनी के अंश के अनुसार ही पीओएस मशीन के माध्यम से बिक्री करें। कृषि अधिकारी ने बताया कि जांच टीम की रिपोर्ट संकलित होने के बाद कमी मिलने वाले विक्रेताओं के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।